बरेली। महिला अस्पताल में मंगलवार को प्रसव के दौरान मृत बच्चा पैदा होने पर परिजनों ने जमकर हंगामा काटा। परिजन का आरोप है कि उन्हाेंने गर्भवती को चार दिन पहले ही भर्ती करा दिया था। डॉक्टरों ने इलाज में देरी की, इससे बच्चे की पेट में ही मौत हो गई।
बिहारीपुर निवासी साजिया को प्रसव पीड़ा होने पर उसके पति ने उसे चार दिन पहले जिला महिला अस्पताल में भर्ती कराया था। परिजन ने का आरोप है कि डॉक्टरों ने इलाज में लापरवाही की है, इससे उसकी गर्भ में ही मौत हो गई। परिजन ने इसे लेकर अस्पताल में जमकर हंगामा किया। बाद में परिजन घर चले गए। सीएमएस डॉ. अलका शर्मा ने कहा कि वह चार दिन से भर्ती नहीं थी। शुक्रवार को भर्ती कर अल्ट्रासाउंड कराया गया था तो 23 मार्च और सात अप्रैल की डेट मिली थी। गर्भवती को किसी तरह का दर्द या कोई दिक्कत भी नहीं थी। उसे घर जाने को बोला गया और खाने में सावधानी बरतने को कहा गया। सोमवार की शाम परिजन प्रसव पीड़ा की बात कहकर लाए। गर्भवती एनीमिक थी तो ब्लड लाने को कहा गया। नमूना दे दिया गया, लेकिन वह देर रात तक भी ब्लड नहीं ला पाए। इससे आपरेशन में देरी हुई।