भोजीपुरा-पीलीभीत रेल मार्ग पर ब्राडगेज कार्य लगभग पूरा हो चुका है। सितंबर के आखिरी सप्ताह में सीआरएस निरीक्षण होने की उम्मीद है। अगले महीने अक्टूबर में बरेली-पीलीभीत के बीच ट्रेनें दौड़ने लगेंगी।
भोजीपुरा स्टेशन से टनकपुर तक 101 किलोमीटर मीटरगेज लाइन का आमान परिवर्तन करने के लिए 435 करोड़ का बजट तय किया गया था। यह कार्य दो खंडों में भोजीपुरा-पीलीभीत और पीलीभीत-टनकपुर तक पूरा किया जाना है। शुरू में करीब 80 करोड़ रुपये खर्च करके भोजीपुरा-पीलीभीत के बीच पुल-पुलियों का निर्माण और मिट्टी कार्य किया गया। मार्च 2015 में रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने पीलीभीत में भूमि पूजन किया था। 1 जनवरी 2016 को मेगा ब्लाक लिया गया था। भोजीपुरा-पीलीभीत रेल खंड के आमान परिवर्तन पर करीब 200 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं। 20 जुलाई को पूर्वोत्तर रेलवे के जीएम राजीव मिश्र आमान परिवर्तन कार्य का निरीक्षण भी कर चुके हैं। रेलवे अफसरों के मुताबिक भोजीपुरा-पीलीभीत रेल खंड पटरी बदलने के साथ ट्रैक लिंकिंग का कार्य पूरा किया जा चुका है। मशीन चेकिंग का पहला राउंड पूरा हो गया, दूसरा चेकिंग राउंड जारी है। यानी ब्राडगेज ट्रैक लगभग तैयार हो चुका है। फिनिशिंग का कार्य भी जल्द पूरा हो जाएगा। पूर्वोत्तर रेलवे इज्जतनगर मंडल सितंबर के आखिर में सीआरएस निरीक्षक कराने के साथ अक्टूबर में बरेली सिटी स्टेशन और पीलीभीत के बीच ट्रेनें दौड़ाने की योजना बना रहा है। पीलीभीत और टनकपुर के बीच आमान परिवर्तन कार्य अगले साल पूरा हो जाएगा।
भोजीपुरा-पीलीभीत के बीच आमान परिवर्तन कार्य का लगभग पूरा हो चुका है। सितंबर के आखिरी सप्ताह में सीआरएस निरीक्षण हो जाएगा। अगले महीने ट्रेनें दौड़ने की उम्मीद है। - राजेंद्र सिंह, पीआरओ मंडल कार्यालय इज्जतनगर