अल्ताफ का मुद्दा उठाते हुए ओवैसी ने कहा कि उसे पुलिस स्टेशन में मार दिया गया। कोई नहीं पूछने गया और जब गोरखपुर में गुप्ता को मारा गया तो सपा मुखिया अखिलेश यादव पहुंच गए। मु्ख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी पहुंच गए।
पीएम मोदी ने पूरा नहीं किया एक भी वादा
ओवैसी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज तक कोई वादा पूरा नहीं किया है। न युवाओं को नौकरी दी और न 15-15 लाख रुपये दिए। कोरोना काल में क्या हुआ। जनता ने भोगा है, वह जानती है। मोदी, शाह और योगी ऐसी सफाई से झूठ बोलते हैं कि सामने वाला उस पर यकीन कर ले।
उन्होंने कहा कि भाजपा को आम लोगों से काई मतलब नहीं है। वह सिर्फ हिंदुत्व के नाम पर चुनाव लड़ना चाहती है। देश, प्रदेश के विकास के लिए उसने कुछ नहीं किया। जो नफरत फैलाते हैं, उनका विकास हुआ। जिन्होंने नरसंहार किया उनका विकास हुआ। हरिद्वार धर्म संसद में बोला जाता है कि भारत के मुसलमानों का हाल रोहिंग्या मुसलमानों की तरह होना चाहिए।
ओवैसी ने कहा कि रायपुर छत्तीसगढ़ में कहा गया कि इंसानियत को बचाना है तो मुसलमानों को मार दो। इसके बाद भी प्रधानमंत्री खामोश हैं। ओवैसी ने कांग्रेस के दौर में हुए दंगों का जिक्र किया तो सपा के दौर में स्लॉटर हाउस को परमीशन न देने का मुद्दा भी उठाया।
सपा-कांग्रेस वाले दिखाते हैं मोदी-योगी का डर
उन्होंने कहा, वह किसी भी धर्म के खिलाफ न कभी थे न होंगे, लेकिन इनका क्या, ये हर बात को धर्म से जोड़ देते हैं। मुल्क को जब बचाने की बात होती है तो सपा-कांग्रेस वाले मुसलमानों को मोदी का डर दिखाते हैं। मोदी मंदिर-मंदिर कर रहे हैं तो अब अखिलेश यादव भी मंदिर बनाने की बात करने लगे हैं। लोग दरगाह आला हजरत पर आते हैं तो क्या पूछा जाता है कि किस मजहब के हो। अब लड़ाई है कि बड़ा हिंदू कौन है।
उन्होंने सपा प्रमुख अखिलेश और कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर भी हमला किया। उन्होंने कहा कि अखिलेश कहते हैं वह हिंदू हैं और राहुल गांधी कहते हैं कि वह हिंदू हूं। इन मुद्दों पर चुनाव होगा। उत्तर प्रदेश में चुनाव हो रहा है या किंडरगार्टन का कोई ड्रामा हो रहा है।
इससे पूर्व राष्ट्रीय प्रवक्ता वारिस पठान, प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली, जिलाध्यक्ष अन्ने सकलैनी, महानगर अध्यक्ष गुलफाम मियां, यूथ अध्यक्ष आसिफ शेख, तौफीक प्रधान आदि ने भी सम्मेलन को संबोधित किया।