बरेली। जिला प्रशासन सावन के सोमवार, कांवर यात्रा, रमजान और ईद पर खुराफात करने वालों से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सांप्रदायिक सद्भाव को बिगाड़ने की कोशिश करने वाले तत्व चिह्नित किए जा रहे हैं। सोमवार को संजय कम्यूनिटी हॉल में आयोजित सद्भावना सम्मेलन में प्रशासन के इस सख्त रुख की जानकारी दी गई।
डीएम अभिषेक प्रकाश ने सम्मेलन के माध्यम से चेतावनी दी कि जिन शरारती तत्वों को प्रशासन के इरादों पर शक हो, वे आगे आकर देख लें। कहा, कांवरिए सावन में जलाभिषेक पूरे श्रद्घाभाव से करें लेकिन उन्हें दूसरे संप्रदाय की भावनाओं का भी ध्यान रखना होगा। नमाज, तरावी आदि के समय जुलूस न निकाला जाए। इसी तरह दूसरे समुदाय के लोग कांवरियों का स्वागत कर भाईचारे का संदेश दें। कहा कि जिस तरह से सम्मेलन में आने वालों ने अमन चैन बनाए रखने का संकल्प लिया है, उम्मीद है कि वे इसे लागू भी कराएंगे। डीएम ने बताया कि संवेदनशील स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए जा रहे हैं। एसएसपी आकाश कुलहरि ने कहा कि शहर में पहले से ही चिह्नित स्थलों पर पर्याप्त सुरक्षा बल तैनात किए जा रहा है। उन्होंने आग्रह किया है कि वे अपनी भावनाएं व्यावहारिक रूप से लागू करें। इस मौके पर एडीएम अरुण यादव, एसपी त्रिवेणी सिंह समेत सभी वरिष्ठ अफसर मौजूद रहे।
इससे पहले सम्मेलन में मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि बरेली से ही आला हजरत ने पूरी दुनिया को भाईचारे का संदेश दिया था। राधेश्याम कथा वाचक भी इसी शहर से रहे। आज भी उनके द्वारा रचित रामायण देश-विदेश में प्रचलित है। कुछ शरारती तत्वों ने शहर में बदमिजाजी फैलाई है। इनका पर्दाफाश हो चुका है। हम सब मिलकर त्योहार मनाएंगे। व्यापारी नेता अमित अरोरा ने कहा कि कुछ शरारती तत्व अपने स्वार्थों के लिए फसाद कराते हैं। बरेलीवासी इनसे सावधान रहें। ज्ञानी कालेकर सिंह और महंत कुंवर पाल गिरी ने कहा कि हम सभी शांतिदूत हैं और शहर में अमन चैन बनाए रखना हमारी जिम्मेदारी है। नासिर कुरैशी और कासिम निजामी ने कहा कि पुराने अनुभवों के मद्देनजर हम सभी न केवल खुराफातियों पर नजर रखेंगे बल्कि एक-दूसरे के कार्यक्रमों में भागीदारी करेंगे। लव शर्मा, मनोज सक्सेना और भगवत सरन दीक्षित ने भी भाईचारा बनाए रखने पर जोर दिया।