चार चरणों में आवंटित बच्चों की नए सत्र से होगी पढ़ाई
बरेली। शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत चार चरणों में निजी विद्यालयों में प्रवेश के लिए 3960 बच्चों का चयन किया गया है। इन बच्चों को निशुल्क शिक्षा दी जाएगी। इनको निजी विद्यालयों में प्रवेश दिया जाएगा। इसमें से 2770 का प्री प्राइमरी में और 1190 बच्चों का कक्षा एक में प्रवेश दिया जाएगा।
आरटीई के तहत दुर्बल आय वर्ग के परिवारों के बच्चों को शिक्षा के प्रति प्रोत्साहित करने के लिए निजी स्कूलों में प्रवेश दिलाने की यह योजना है। इसमें चयनित विद्यार्थियों की कक्षा एक से आठ तक की शिक्षा मुफ्त होगी। इसकी प्रक्रिया एक दिसंबर से शुरू हो गई थी। पहले चरण में 19 दिसंबर तक आवेदन लिए गए थे। उसमें से प्री प्राइमरी के लिए 1,997 व कक्षा एक में 523 समेत कुल 2520 का चयन हुआ था। अगले चरण में एक से 19 जनवरी तक लिए गए आवेदन में से प्री प्राइमरी के 447 और कक्षा एक के लिए 295 समेत कुल 742 का चयन हुआ था। तीसरे चरण में एक से 19 फरवरी तक लिए गए आवेदन में से प्री प्राइमरी के लिए 205 और कक्षा एक के लिए 229 समेत कुल 434 का चयन हुआ। चौथे चरण में एक से 19 मार्च तक लिए गए आवेदन में प्री प्राइमरी के लिए 121 और कक्षा एक के लिए 143 समेत कुल 264 का चयन हुआ है। इस तरह लॉटरी के जरिए 3960 बच्चों का चयन हुआ है। चयनित बच्चों के नाम पत्र जारी कर 27 मार्च से प्रवेश शुरु कर दिए जाएंगे। उसके बाद एक अप्रैल से नया सत्र शुरू हो जाएगा। संवाद
- अब लॉटरी में चयनित बच्चों के परिजनों से फोन कर फीडबैक लिया जाएगा। उन्हें प्रवेश में कोई परेशानी होगी तो मदद की जाएगी। अगर किसी विद्यालय की शिकायत मिली तो उसके खिलाफ जांच कर कार्रवाई की जाएगी। - - संजय सिंह, बीएसए