रामसनेहीघाट (बाराबंकी)। गांव के बाहर बने गोदामों में नकली खाद बनाकर धड़ल्ले से बेची जा रही है। जानकारी पर जिला कृषि अधिकारी ने शुक्रवार की रात एसटीएफ व स्थानीय पुलिस के साथ गोदामों पर छापा मारा और यहां नकली खाद बनाए जाने का भंडाफोड़ किया है। मौके से कच्चे माल समेत 325 खाली बोरियां भी बरामद हुई हैं। एसटीएफ की तहरीर पर पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
जिला कृषि अधिकारी संजीव कुमार के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से सूचना मिल रही थी कि जिले में कुछ स्थानों पर नकली खाद बनाने का कारोबार किया जा रहा है। इसके बाद उन्होंने एसटीएफ से सहयोग लेकर इस पर नजर रखनी शुरू कर दी। मुखबिर से मिली सूचना पर शुक्रवार रात जिला कृषि अधिकारी ने एसटीएफ व कोतवाली निरीक्षक अजय प्रकाश त्रिपाठी के साथ इटहुवा गांव में बने गोदाम पर छापा मारा।
छापे के दौरान यहां से विमल कुमार वर्मा को दबोचा गया। जांच के दौरान टीम ने गोदाम से भारी मात्रा में नकली खाद बनाने का कच्चे सामान समेत 325 खाली बोरियां, बायो डीएपी की 36 खाली बोरी, 40 खाली बाल्टी के साथ ही सैकड़ों रैपर व झोले बरामद किए हैं। इतनी बड़ी मात्रा में नकली खाद बनाने तथा उसे पैक करने का सामान देखकर टीम हैरान रह गई।
पकड़े गए आरोपी विमल ने बताया गया कि वह कोटवासड़क निवासी विकास गुप्ता और दिव्यांश गुप्ता के साथ मिलकर नकली खाद बनाने का कारोबार करता है। पुलिस ने उन्हें भी कोटवासड़क से गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए लोगों की निशानदेही पर गैर जिलों में भी कार्रवाई शुरू कर दी गई।
पकड़े गए तीनों लोगों की निशानदेही पर पुलिस टीम ने अयोध्या जिले के अधिकारियों से संपर्क करके पटरंगा थाना क्षेत्र अंतर्गत धमौरा चौराहा, पटरंगा तथा रौजा गांव में भी बने गोदामों पर छापा मार वहां से भी भारी मात्रा में नकली खाद बनाने की सामग्री तथा रॉ मैटेरियल बरामद किया है। पुलिस ने एसटीएफ की तहरीर पर तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
जिले में काफी समय से नकली खाद बनाकर बेचे जाने की सूचना मिल रही थी। जिस पर एसटीएफ के सहयोग से शुक्रवार रात इटहुवा गांव के बाहर बने गोदाम में छापा मारा गया। यहां से एक युवक की निशानदेही पर तीन अन्य युवकों के शामिल होने की बात प्रकाश में आने पर पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया है। इनके द्वारा दी गई सूचना पर अयोध्या पुलिस ने भी कई स्थानों पर छापा मारा है। पूरे मामले की जांच की जा रही है। आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए डीएम से अनुमति मांगी गई है।
-संजीव कुमार, जिला कृषि अधिकारी