बाराबंकी। विद्युत संविदा कर्मियों को समय पर वेतन का भुगतान न किए जाने समेत कई अन्य समस्याओं को लेकर रविवार को उत्तर प्रदेश बिजली मजदूर संगठन के बैनर तले संविदा कर्मियों ने कार्य बहिष्कार कर जिले के कई विद्युत उपकेंद्रों पर धरना-प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। मांगों का एक ज्ञापन अधीक्षण अभियंता को भेजा। संविदा कर्मियों के कार्य बहिष्कार से फॉल्ट को सही कराने में विभाग को पसीना बहाना पड़ा।
पावर कारपोरेशन में कार्यरत संविदा कर्मियों ने समय पर वेतन न मिलने और परिचय पत्र, वर्दी, रेनकोट, हेलमेट व ईपीएफ की धनराशि खातों में जमा न कराने समेत कई अन्य समस्याओं को लेकर रविवार को शहर के पल्हरी, सिरौलीगौसपुर समेत कई अन्य विद्युत उपकेंद्रों पर धरना-प्रदर्शन किया।
उत्तर प्रदेश बिजली मजूदर संगठन के बैनर तले जिलाध्यक्ष विनोद कुमार गिरी ने आंदोलित संविदा कर्मियों की समस्याओं की ओर सरकार का ध्यान आकर्षित करते हुए कहा कि जिले में तैनात संविदा कर्मियों के वेतन भुगतान की जिम्मेदारी जुलाई 2019 में ओरियन कंपनी ने ली थी किंतु कंपनी द्वारा कभी भी समय पर भुगतान नहीं किया गया। और न ही कर्मचारियों को वर्दी, रेनकोट, हेलमेट आदि दिए गए। वहीं ईपीएफ की धनराशि भी उनके खातों में जमा नहीं कराई गई।
उन्होंने कहा कि संगठन की मांग है कि माह की सात तारीख को वेतन दिया जाए और श्रम कानून के तहत छह घंटे का काम लिया जाए। अत्यधिक लंबी लाइनों वाले फीडर के अनुरक्षण के लिए संविदा कर्मियों के गैंग की संख्या बढ़ाई जाए, कर्मचारियों को बिजली मित्र के नाम से जाना जाए समेत 18 मांगों को हर हाल में पूरा किया जाए। संगठन द्वारा इन मांगों से संबंधित ज्ञापन अधीक्षण अभियंता को भेजा गया।
संविदा कर्मियों के कार्य बहिष्कार से रविवार को जिले में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था खराब दिखी। फॉल्ट ठीक कराने के लिए विभाग को पसीना बहाना पड़ा। इसके चलते घंटों बिजली गुल रही। लोगों को उमस भरी गर्मी में बेहाल होना पड़ा। शहर समेत फतेहपुर, रामसनेहीघाट व हैदरगढ़ आदि क्षेत्रों में पांच से छह घंटे तक बिजली गुल रही।