महादेवा (बाराबंकी)। सावन के दूसरे सोमवार को दो श्रद्धालुओं की अभरन सरोवर में डूबने से मौत होने के बाद प्रशासन काफी सख्त दिख रहा है। तीसरे सोमवार को शिवभक्तों के लिए लोधेश्वर महादेवा के कपाट बंद करने का निर्णय लिया है। रविवार और सोमवार को दो दिन महादेवा मंदिर के कपाट बंद होने से शिवभक्त जलाभिषेक नहीं कर सकेंगे। इसको लेकर प्रशासन ने महादेवा की सीमाएं सील कर बाहरी श्रद्धालुओं के प्रवेश पर पाबंदी लगा दी है।
हालांकि मंगलवार से फिर सामान्य दिनों की तरह मंदिर के कपाट श्रद्धालु के लिए खुलेंगे और भगवान शिव का जलाभिषेक भी होगा। पिछले सोमवार को प्रशासन की बदइंतजामी के बीच दो श्रद्धालुओं की अभरन तालाब में डूबकर मौत हो गई थी। इसके बाद प्रशासन हरकत में आ गया। उसने आननफानन में महादेवा की सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी।
वहीं दो दिन मंदिर के कपाट बंद करने को लेकर शुक्रवार से ही पुलिस फोर्स तैनात कर दी गयी है। अब सावन के शेष बचे दो सोमवार को मंदिर के कपाट बंद रहेंगे। इसके अलावा एसडीएम व मंदिर कमेटी ने शिवभक्तों से घर से ही भगवान शिव की आराधना करने की अपील की है। मंदिर मठ रिसीवर हरिप्रसाद द्विवेदी ने बताया कि रविवार और सोमवार को मंदिर बंद रहने के बाद मंगलवार को प्रशासन के लिखित आदेश के बाद ही मंदिर के कपाट खोले जाएंगे।
सावन के सोमवार को जलाभिषेक के लिए रविवार से ही श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो जाता है। ऐसे में रविवार सुबह से ही मंदिर के कपाट बंद करा दिए जाएंगे।
-राजीव शुक्ला, एसडीएम
लाखों शिवभक्तों की भीड़ के बीच कोविड-19 के नियमों का पालन करा पाना संभव नहीं है। इससे रविवार और सोमवार को महादेवा मंदिर के कपाट बंद रखने का फैसला लिया गया है। संभवत: गैर जनपद के शिवभक्त पहुंचें। इसके लिए महादेवा की सभी सीमाओं पर पुलिस फोर्स तैनात की गई है। वहां पुलिस कर्मी शिवभक्तों की पाबंदी रखेंगे।
-दिनेश दुबे सीओ