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राज्यसभा में गूंजेगा बुंदेलखंड का अवैध खनन का मुद्दा

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बांदा/करतल। यूपी-एमपी की सीमा पर केन नदी खदानों में बड़े पैमाने पर हो रहे अवैध खनन का मुद्दा राज्य सभा में गूंजेगा। राज्य सभा सांसद और मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने मंगलवार को सीमावर्ती खदानों में भ्रमण के बाद यह एलान किया। उन्होंने कहा कि गोचर को भी नहीं बख्शा गया, इसे भी खोद फेंका। बुंदेलखंड को बालू माफिया खोखला करके लूट रहे हैं।
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बांदा जिले की सरहद से जुड़े मध्य प्रदेश के छतरपुर, पन्ना, सतना आदि जिलों में सीमावर्ती खदानों में अरसे से बड़े पैमाने पर वैध-अवैध खनन हो रहा है। दोनों सूबों में यह राजनीति का मुद्दा भी बनता रहा है। केन नदी के उस पार एमपी की खदानाें से भारी पैमाने पर रोजाना खनन से सैकड़ों बालू के ट्रक बांदा सहित यूपी के तमाम जिलों से गुजर रहे हैं।
मंगलवार को मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और मौजूदा राज्य सभा सांसद दिग्विजय सिंह ने सीमावर्ती पन्ना जिले की केन नदी की खदानों में पहुंचकर जायजा लिया। अजयगढ़ तहसील के गांवों में अवैध खनन को देखा। उन्होंने कहा कि बुंदेलखंड में हो रहा अवैध खनन चिंताजनक है। यह मुद्दा वह राज्य सभा में उठाएंगे। इसमें किसानों को हो रहे नुकसान की बात भी शामिल रहेगी। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों की जमीनों पर भू-माफिया जबरन खनन कर रहे हैं। सैकड़ों बीघा गोचर को खोद डाला है। बड़े और गहरे गड्ढे हो गए हैं। हरे-भरे पेड़ाें को काट दिया गया है। इसमें शासन के साथ स्थानीय प्रशासन की भी मिलीभगत है।
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पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्रों में जहां खनन हो रहा है, वहां के स्थानीय विधायक सत्ता पक्ष के हैं। खनन और बालू ट्रक निकालने के लिए उत्तर प्रदेश को जोड़ने वाले रास्ते खोदे गए हैं। नहरों को क्षतिग्रस्त कर दिया गया है। खेतों में सिंचाई नहीं हो पा रही। यह मुद्दे भी वह राज्य सभा में उठाएंगे।
बालू माफियाओं के फोन सर्विलांस पर
बांदा। अवैध खनन और ओवर लोडिंग का विरोध करने वालों पर प्रशासन और पुलिस की खास निगाहें हैं। उनके टेलीफोन सर्विलांस पर लगाकर निगरानी की जा रही है। समाजसेवी और अवैध खनन व ओवर लोडिंग का विरोध करने वाले आशीष सागर दीक्षित ने बताया कि उनका फोन सर्विलांस पर लगाया गया है। इसी तरह पैलानी क्षेत्र में अवैध खनन का लगातार विरोध कर रहीं समाजसेवी महिला ऊषा निषाद का भी फोन सर्विलांस पर है। उनके पास इसके ठोस सुबूत हैं। यह भी कहा कि उनके फोन को एक पुलिस अधिकारी ने सर्विलांस पर लगा रखा है। यह सब बालू माफिया की तरफदारी करने के हथकंडे हैं।
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