चित्रकूट। शराब के नशे में विवाद के बाद दोस्त की पत्थर मारकर हत्या करने के मामले में सत्र न्यायालय ने दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
यह मामला मारकुंडी थाना क्षेत्र के मनसहा रोड के पास का है। घटना में पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। जांच के दौरान दो लोगों के खिलाफ सबूत न मिलने पर उनके नाम हटा दिए गए थे।
शासकीय अधिवक्ता फौजदारी श्याम सुंदर मिश्रा ने बताया कि मारकुंडी थाना क्षेत्र के जमुनिहाई टिकरिया निवासी दादू लाल ने पुलिस को सूचना दी थी कि 16 मार्च 2025 की शाम सात बजे उसके छोटे भाई लोकल उर्फ विक्रम कोल की टिकुरी पुरवा निवासी लंबरदार यादव, टिकरिया कोलान निवासी पंकज सेन व जीवन लाल कोल ने मनसहा रोड पर पत्थर से सिर कुचल कर हत्या कर दी है।
पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना शुरू की। विवेचना में लंबरदार यादव व पंकज सेन के खिलाफ कोई सबूत नहीं मिले। 19 मार्च को आरोपी जीवनलाल को जेल भेजा था। 30 अप्रैल को न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था। शुक्रवार को सत्र न्यायाधीश शेषमणि ने दोषी जीवन लाल कोल को सजा सुनाई।
जिगरी दोस्त थे, नशेबाजी में की थी हत्या
दादूलाल ने कोर्ट में बयान में कहा था कि उसका भाई विक्रम व जीवनलाल दोस्त थे। एक साथ अक्सर शराब पीते थे। नशे में ही कहासुनी हुई थी। वहीं टिकरिया निवासी वन कर्मी शिव कुमार ने बताया था कि वह ड्यूटी से घर जा रहा था। रास्ते में विक्रम व जीवनलाल शराब के नशे में एक-दूसरे से गाली-गलौज कर रहे थे। उसने दोनों को मना भी किया था। कुछ देर बाद विक्रम की हत्या की सूचना मिली थी।
युवक का अपहरण कर हत्या में दो को उम्र कैद
चित्रकूट। अपहरण कर युवक की हत्या के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश ने दो दोषियों को उम्कीर कैद की सजा सुनाई है। दोनों पर कुल 40 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
मानिकपुर थाना क्षेत्र के हनुवा के बजहा पुरवा निवासी कल्लू यादव ने एक सितंबर 2020 को पुलिस को सूचना दी थी। आरोप था कि बहिलपुरवा थाना क्षेत्र के उमरहन निवासी लखन उर्फ लखना और करका निवासी भैरव कोल उर्फ भैरो से उसके बेटे राजू यादव का बकरी को मारने को लेकर विवाद हुआ था। इसी रंजिश में दोनों आरोपियों ने राजू का अपहरण कर लिया और बाद में कुल्हाड़ी से वार कर उसकी हत्या कर दी थी।
रिपोर्ट के बाद मामले की विवेचना तत्कालीन एसआई कृष्ण कुमार मिश्रा ने की और नौ दिसंबर को न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश प्रथम राहुल मिश्रा की अदालत में चली। सुनवाई पूरी होने के बाद शुक्रवार को कोर्ट ने लखन और भैरव कोल को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
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शस्त्र अधिनियम में तीन साल की कैद
चित्रकूट। आर्म्स एक्ट के मामले के दोषी को अपर सत्र न्यायाधीश ने तीन वर्ष के कारावास की सजा सुनाई। एक हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। बहिलपुरवा थाना में दर्ज तमंचा के मुकदमा की अपर सत्र न्यायाधीश/एफटीसी (न्यू) राममणि पाठक ने सुनवाई पूरी की थी। जिसमें ददरी माफी निवासी रज्जन पटेल को दोषी को पाया था। शुक्रवार को न्यायालय ने दोषी को सजा सुनाई। (संवाद)
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गांजा तस्करी में दोषी को जेल
चित्रकूट। विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट की राहुल मिश्रा की अदालत ने गांजा तस्करी के एक मामले में दोषी सुशील कुमार शुक्ला को जेल में बिताई गई अवधि की सजा सुनाई है। उस पर 1400 रुपये का जुर्माना भी लगाया गया। उस पर एक किलो 400 ग्राम गांजा रखने का आरोप था।
पुलिस को 11 अक्तूबर 2021 को मानिकपुर बस स्टैंड के पास गांजा बेचने की सूचना मिली थी। तत्कालीन वरिष्ठ उपनिरीक्षक दिनेश कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने दबिश देकर शुक्ला को पकड़ा। बयान और साक्ष्य के आधार पर दोषी ठहराते हुए उसे 12 अक्तूबर 2021 से 27 अक्तूबर 2021 तक जेल में बिताई गई अवधि की सजा दी। (संवाद)