चित्रकूट। भगवान श्रीराम के वनगमन मार्ग को रेल नेटवर्क से जोड़ने की मांग संसद तक पहुंच गई है। भाजपा के राज्यसभा सदस्य अमर पाल मौर्य ने शून्य काल में श्रीराम दर्शन रेल पथ कॉरिडोर का मुद्दा उठाकर केंद्र से इसे राष्ट्रीय महत्व की परियोजना घोषित करने की मांग की।
उन्होंने कहा कि अयोध्या, प्रयागराज और बुंदेलखंड के धार्मिक स्थलों को जोड़ने वाला यह कॉरिडोर न सिर्फ आस्था का प्रतीक बनेगा, बल्कि क्षेत्र के आर्थिक पिछड़ेपन को भी दूर करेगा। राज्यसभा सदस्य ने कहा कि करोड़ों श्रद्धालु अयोध्या आते हैं लेकिन राम वन गमन से जुड़े शृंगेवेरपुर, चित्रकूट, राजापुर जैसे पवित्र स्थलों तक जाने के लिए उनके पास कोई सीधी रेल सुविधा नहीं है।
कहा कि इस कॉरिडोर से अयोध्या, अमेठी, प्रतापगढ़, कौशांबी, प्रयागराज और चित्रकूट के 12 से अधिक सिद्धपीठ सीधे जुड़ जाएंगे। इससे दो लाख से अधिक लोगों को रोजगार मिलने की उम्मीद है। सांसद ने कहा कि यह परियोजना पूर्वांचल और बुंदेलखंड के लिए महत्वपूर्ण साबित होगी।