बांदा। बांदा-चित्रकूट लोकसभा सीट में आधी आबादी को नेतृत्व का मौका ज्यादा नहीं मिला। 17वीं लोकसभा चुनाव से पहले 1962 में कांग्रेस से सावित्री निगम ने जीत हासिल की थी। इसके बाद कृष्णा पटेल दूसरी महिला सांसद बनकर दिल्ली पहुंची हैं। हालांकि इससे पहले भी भाजपा से अमिता वाजपेयी चुनाव लड़ी थीं, पर वह हार गई थीं।
बांदा-चित्रकूट लोकसभा सीट में आधी आबादी को राजनीतिक दलों ने चुनाव लड़ने का कम ही मौका दिया। इसलिए उनकी संसद में भागीदारी न के बराबर रही। इस सीट में पहला चुनाव वर्ष 1957 में हुआ था। इसके बाद दूसरे चुनाव में कांग्रेस ने वरिष्ठ अधिवक्ता की पत्नी सावित्री निगम को मौका दिया। उन्होंने इस सीट पर जीत हासिल की। 2009 में भाजपा ने अमिता वाजपेयी को चुनाव लड़ाया था, पर वह हार गई थीं। इस वर्ष 2024 के चुनाव में कांग्रेस व सपा गठबंधन ने पूर्व मंंत्री शिवशंकर पटेल की पत्नी कृष्णा पटेल को मौका दिया। वह जीत हासिल कर बांदा-चित्रकूट सीट की दूसरी महिला सांसद बनने का गौरव हासिल किया।