बांदा से सनसीखेज खबर सामने आई है। मायके में एक युवक ने पत्नी को चाकू से गोदकर मार डाला। परिवार ने आरोपी को पकड़ लिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। साथ ही आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
बांदा में ससुराल पहुंचे पति ने पत्नी पर चाकू के ताबड़तोड़ वार कर उसकी हत्या कर दी। महिला के परिजनों ने आरोपी को मौके पर ही पकड़ लिया। घटना की जानकारी पर पहुंची पुलिस आरोपी को लेकर थाने आ गई। एएसपी ने बताया कि प्रथम दृष्टया आपसी विवाद के चलते हत्या की गई है। महिला के पिता की तहरीर पर आरोपी पति के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है।
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गिरवां थाना क्षेत्र के काजीपुर गांव निवासी संजो देवी (24) अपने दो बच्चों काजल (ढाई वर्ष) व प्रियांशु (डेढ़ वर्ष) के साथ छह दिन पहले मायके शहर कोतवाली क्षेत्र के कहला गांव में रहने आई थी। संजो के पिता सोहन निषाद ने बताया कि शुक्रवार दोपहर डेढ़ बजे के करीब बेटी को लेने उसका पति शिव कुमार निषाद पहुंचा। इस पर उन्होंने दामाद से अपने पिता गोपाली को बुलाने की बात कही।
यह भी कहा कि संजो का ससुर उसका उत्पीड़न करता है, इसलिए पहले तुम्हारे पिता से बात करेंगे तब बेटी को भेजेंगे। इसके बाद दामाद शिव कुमार बहाने से संजो को आंगन में लगे शीशम के पेड़ के पास ले गया और चाकू से ताबड़तोड़ उसके पेट और कमर पर वार कर मौत के घाट उतार दिया। घटना देख मृतका का पिता, बुआ सुनीता और दादी रमकलिया उसे पकड़ने पहुंचे तो आरोपी चाकू की धौंस दिखाकर भागने लगा।
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तभी मृतका के चचेरे भाई योगेश ने उसे दबोच लिया और पुलिस को सूचना दी। जानकारी पर एएसपी लक्ष्मी निवास मिश्र, सीओ सिटी गवेंद्र पाल गौतम, शहर कोतवाल मनोज शुक्ला फोर्स के साथ पहुंचे। एएसपी ने बताया कि आरोपी पति शिव कुमार को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
एक ही घर में ब्याही थीं दो पुत्रियां
बांदा शहर कोतवाली क्षेत्र के कहला गांव में सोहन निषाद का मकान है। पेशे से वह मजदूर है। उसके तीन पुत्रियों में बड़ी सुधा, संजो, सुषमा और एक पुत्र पुष्पेंद्र है। पत्नी रमा है। रमा मानसिक अस्वस्थ है। उसका ग्वालियर में इलाज चल रहा है। शुक्रवार की रात परिजन उसे लेकर ग्वालियर जाने वाले थे तभी यह घटना हो गई।
सोहन ने बताया कि उसने अपनी दो पुत्रियों सुधा और संजों (मृतका) की शादी वर्ष 2016 में एक ही मंडप में काजीपुर निवासी सगे भाइयों राजू और शिव कुमार (हत्यारोपी) के साथ की थी। बड़ी पुत्री सुधा और दामाद राजू बाहर रहकर कमाते हैं। जबकि छोटा दामाद शिवकुमार और पुत्री संजो काजीपुर में ही रहते हैं। शिवकुमार भी मजदूरी करता है। बताया कि उसके शिवकुमार को तीन साल से मर्गी के दौरे पड़ते हैं।
इससे संजो का ससुर गोपाली संजो को शराब पीकर मारता-पीटता था। उसके पर गलत नियत भी रखता था। कई बार मना किया गया, लेकिन वह नहीं माना। बात जब सिर के ऊपर हो गई तब संजो दोनों बच्चों के साथ मायके में रहने आ गई थी। घटना के दो दिन पहले हत्यारोपी पुत्री को लेने आया था, उन्होंने भेजने से मना कर दिया था। कहा था कि अपने पिता गोपाली को लेकर आओ। पहले उससे बात होगी तब वह अपनी पुत्री को भेजेंगे। शुक्रवार को दोपहर हत्यारोपी दामाद फिर उसके घर पहुंच गया और उसने यह वारदात कर डाली।
बातों-बातों में बढ़ गया विवाद
बांदा। हत्यारोपी पति शिवकुमार ने पुलिस को बताया कि उसकी ससुराल वाले उसे पत्नी से मिलने नहीं दे रहे थे। वह उसके पिता पर उत्पीड़न और गलत निगाह रखने का आरोप भी लगा रहे थे। इससे वह गुस्से में था। उसने संजो से कहा कि तुमने उसके पिता के उत्पीड़न और गलत निगाह रखने वाली बात अपने पिता से क्यों बताई। इस पर दोनों में कहासुनी होने लगी। इस बीच उसने चाकू से वारकर उसकी हत्या कर दी।
नाना की गोद में गुमशुम दिखे मासूम
बांदा। मृतका संजो की मासूम बेटी काजल (ढाई साल) और पुत्र प्रियांशु (डेढ़ साल) अपने नाना की गोद में थे। उन्हें पता भी नहीं था उनके ही पिता ने उनकी मां की चाकू से गोदकर हत्या कर दी है। दोनों बच्चे गोद में गुमशुम गांव वालों को निहार रहे थे।
संजो का खर्चा उठाता था ससुर
घटनास्थल कहला गांव में मृतका संजो की चचेरी बहन मैकी ने बताया कि संजो का पति गांव में रहता है। कुछ नहीं करता। पूरा खर्चा उसका ससुर गोपाली उठाता था। ससुर गोपाली पर आरोप लगाया कि वह मृतका के साथ शराब के नशे में मार-पीट करता था। मृतका के पति को इसकी जानकारी थी। छह दिन पहले जब संजो अपने मायके आई तब उसने ससुर की करतूत बताईं थीं। इसी से नाराज होकर उसके पति ने उसकी हत्या की है।