तिंदवारी/बेंदा। भैरम पुरवा में बुधवार को बेटे अनिल सिंह उर्फ अन्नू (30) की हत्या करने वाले किसान गोपाल सिंह को अपने किए का मलाल नहीं है। उसका कहना है कि उसे अपनी जान बचाने के लिए बेटे की हत्या करना पड़ी। बेटा अन्नू उसे मारना चाहता था।
उधर, दूसरा बेटा विजय सिंह बुधवार को देर रात जयपुर से गांव आ गया। अन्नू के शव का गुरुवार को मेडिकल कालेज में पोस्टमार्टम हुआ। परिजनों ने बांदा स्थित मुक्तिधाम में शव का अंतिम संस्कार कर दिया।
जयपुर से लौटे दूसरे पुत्र विजय ने गुरुवार को थाने के लॉकप में बंद हत्यारोपी पिता मिलकर उसे जमकर खरीखोटी सुनाई। विजय के मुताबिक पिता को पुत्र अन्नू की हत्या का पछतावा नहीं है। उसका कहना है कि वह अन्नू को नहीं मारता तो अन्नू उसे मार डालता।