फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बहू-बेटों की सलामती के लिए रखा था व्रत

विज्ञापन
Fasting was kept for the well being of daughters-in-law - फोटो : BANDA
विज्ञापन
तिंदवारी। नवरात्र पर चौतरफा देवी पूजन की धूम के बीच इश्क में दीवानी बहू ने घर की मुखिया के खून से अपने हाथ रंग लिए। मृतका भोला यादव नवरात्र के व्रत रखे थी। सोने से पहले गांव में रखी देवी प्रतिमा का दर्शन करके आई थी। घर आकर भोला ने आलू, गुड़ आदि का भोग लगाया और प्रसाद प्रेमपूर्वक बहू किरन को भी खिलाया।
विज्ञापन

माटा गांव में बहू द्वारा सास की हत्या की चर्चा आसपास के गांवों तक में रही। देवी पर्व के दिनों में यह घटना और ज्यादा अफसोस वाली रही। मृतका भोला के पति कमल यादव की करीब 10 वर्ष पूर्व मौत हो गई थी। कुछ दिन बाद भोला फतेहपुर स्थित ससुराल जुड़ाखेर से मायके आ गई थी और यहीं रह रही थी।
उसका बड़ा बेटा प्रताप उर्फ पप्पू हैदराबाद में और छोटा बेटा सुनील कानपुर की किसी फैक्ट्री में काम करता है। आरोपी किरन प्रताप उर्फ पप्पू की पत्नी है। बड़ोखर बुजुर्ग गांव में मायका है। यहां भोला और बहू किरन ही रहते थे। किरन दो बच्चों की मां है।
विज्ञापन

आरोपी राजेंद्र रिश्ते में मृतका भोला का भतीजा होने और किरन का ममिया देवर होने के नाते अक्सर घर आता रहता था। करीब एक वर्ष से दोनों के बीच प्रेम प्रसंग की चर्चाएं थीं।
बेटों, बहू और उनके बच्चों की सलामती के लिए भोला देवी हर साल नवरात्र पर नव देवी का व्रत रखती थी। घटना के समय भी वह व्रत से थी। बताते हैं कि पुलिस की पूछताछ में किरन ने स्वीकारा कि उसकी सास गिड़गिड़ाती और जीवन की भीख मांगती रही, लेकिन किरन और उसके प्रेमी राजेंद्र के दिल नहीं पसीजे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें