बांदा। श्रम एवं सेवा योजन विभाग ने आंकड़े परोसे हैं कि जनपद में अब तक 46 हजार प्रवासी मजदूरों को रोजगार दिया जा चुका है, लेकिन पोर्टल में कोई फीडिंग नहीं की गई।
डीएम आनंद कुमार सिंह ने इस पर नाराजगी व्यक्त करते हुए चेतावनी दी है कि तीन दिन के अंदर मजदूरों की फीडिंग न की गई तो संबंधित अधिकारी व कर्मी कार्रवाई के लिए तैयार रहें। उधर, डीएम ने सोमवार को जिला अस्पताल का आकस्मिक निरीक्षण भी किया।
सोमवार को जिला स्तरीय समिति की समीक्षा बैठक में सहायक निदेशक (सेवायोजन) ने प्रवासी/निवासी मजदूरों को रोजगार के आंकड़े पेश किए। बताया कि जिला पंचायत अभियंता ने सिर्फ सात लोगों को रोजगार दिया है।
इस पर डीएम ने असंतोष जताते हुए कहा कि उन्हें अपने कामों की जानकारी नहीं है। एपीओ डूडा ने नौ, कौशल विकास मिशन में 2608 लोगों को प्रशिक्षण देने का दावा किया। जिला उद्यान कार्यालय में 50 लोगों के रजिस्ट्रेशन बताए गए।
1705 लोगों को रोजगार देने के आंकड़े परोसे। डीएम ने सहायक निदेशक कौशलेंद्र सिंह को निर्देश दिए कि कार्यदाई संस्थाओं से मजदूरों को रोजगार दिलाना सुनिश्चित करें।
एडीएम को निर्देश दिए कि एक सप्ताह के अंदर सभी फाइलों की स्वीकृति प्रदान कर दी जाए। बैठक में डीआरडीए परियोजना निदेशक, उपायुक्त मनरेगा, लीड बैंक मैनेजर, डीआईओएस आदि शामिल रहे।
उधर, जिला अस्पताल के निरीक्षण में डीएम ने आयुष्मान वार्ड बंद होने पर असंतोष जताया। शीघ्र वार्ड शुरू करने के लिए सीएमएस डा.एसएन मिश्र को निर्देश दिए।
सीटी स्कैन, डायलिसिस यूनिट, जेरेट्रिक यूनिट आदि का भी निरीक्षण किया। व्यवस्थाओं को निर्देश दिए। निरीक्षण में सीएमओ डा.एनडी शर्मा भी साथ थे।