बांदा। बाइक सवारों को सामने से आई कार ने टक्कर मार दी। हादसे में सभी गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने घायलों को जिला अस्पताल भेजा। जहां डॉक्टर ने बाइक चालक को मृत घोषित कर दिया। जबकि मां-बेटी को झांसी रेफर किया गया। रास्ते में मासूम ने भी दम तोड़ दिया। जबकि अन्य दोनों घायलों का इलाज जारी है। हादसे का कारण यातायात नियमों की अनदेखी बताया जा रहा है। एक बाइक पर चार लोग सवार थे साथ ही बाइक चला रहे युवक ने हेलमेट भी नहीं पहना था।
शहर कोतवाली क्षेत्र के अलीगंज मोहल्ला निवासी विष्णु (22) अपने मौसेरे भाई पंचू (30), रिश्तेदार महिला शीला उर्फ लीला (30) व लीला की बेटी रूही (1) को छोड़ने के लिए रविवार की रात 11 बजे शहर के झील का पुरवा जा रहा था। मौसेरे भाई विवेक के मुताबिक, जब वह विकास भवन सड़क पर पहुंचे, तभी सामने से आई तेज रफ्तार कार ने उन्हें सामने से टक्कर मार दी। हादसे में विष्णु की मौके पर ही मौत हो गई। उसके सिर में चोट आईं थीं।
जबकि हादसे में पंचू, लीला और उसकी बेटी रूही गंभीर घायल हो गए। हादसे की जानकारी मिलने पर पुलिस ने तीनों घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां से तीनों को डॉक्टरों ने रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज रेफर किया। वहां से डॉक्टरों ने लीला और उसकी बेटी को हायर सेंटर झांसी रेफर किया। परिजन दोनों को झांसी ले जा रहे थे। रास्ते में रूही ने भी दम तोड़ दिया। परिजनों ने रूही के शव का पोस्टमार्टम झांसी में कराने की बात कही है।
जबकि पंचू और लीला का इलाज चल रहा है। शहर कोतवाल बलराम सिंह ने बताया कि कार चालक को पकड़ लिया गया है। अभी तहरीर नहीं मिली है। विष्णु के शव का पोस्टमार्टम कराया गया है।
विष्णु तीन भाइयों में बड़ा अविवाहित था
बांदा। मौसेरे भाई विवेक के मुताबिक, विष्णु तीन भाइयों में बड़ा अविवाहित था। घर में मां देवरति हैं। विष्णु इलेक्ट्रॉनिक दुकान में पंखे का मिस्त्री था। पिता उमाशंकर भी मजदूरी करते हैं। हादसे से दोनों परिवारों के बीच कोहराम मचा है। मां देवरति का रो-रो कर बुरा हाल है। (संवाद)