महदेइया बाजार। श्रीदत्तगंज क्षेत्र के भड़वाजोत गांव में तीन दिन से लापता विवाहिता का शव बृहस्पतिवार को सरयू नहर में उतराता मिला। शव की पहचान कंचन देवी (22) पत्नी रामदयाल के रूप में हुई। बुधवार को ससुर बुधराम ने महिला के लापता होने की सूचना थाने पर दी थी। बृहस्पतिवार को गोंडा पीएसी के गोताखोर तलाश कर रहे थे। महिला के भाई अनंतराम ने ससुरालवालों पर दहेज के लिए हत्या कर शव नहर में फेंकने का आरोप लगाया है।
भड़वाजोत निवासी बुधराम ने बताया कि 26 अगस्त की सुबह करीब 7:30 बजे उनकी पुत्रवधू कंचन देवी खेत जाने के लिए घर से निकली थी, लेकिन लौटकर नहीं आई। देर तक घर न पहुंचने पर परिजनों ने खोजबीन की, लेकिन कोई पता नहीं चला। बृहस्पतिवार सुबह श्रीदत्तगंज पुलिस, पीएसी गोताखोर टीम और परिजन भड़वाजोत के पास सरयू नहर पर पहुंचे और सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला।
कुछ देर बाद थाना गैड़ास बुजुर्ग पुलिस से सूचना मिली कि ग्राम लोनियनडीह के पास नहर में एक महिला का शव उतराता मिला है। सूचना मिलते ही श्रीदत्तगंज पुलिस व परिजन मौके पर पहुंचे। शव को बाहर निकाला गया और परिजनों ने उसकी पहचान कंचन देवी के रूप में की। कंचन का शव घर पहुंचते ही कोहराम मच गया। परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी। गैड़ास बुजुर्ग थाने के प्रभारी निरीक्षक राजीव कुमार मिश्रा ने बताया कि रिपोर्ट श्रीदत्तगंज थाने की पुलिस को दे दी गई है।
भाई की तहरीर पर पुलिस ने शुरू की कार्रवाई
मृतका कंचन के भाई अनंतराम साहू, निवासी रमगढ़िया थाना इटियाथोक, गोंडा ने ससुरालवालों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि करीब दो वर्ष पूर्व बहन की शादी रामदयाल से हुई थी। शादी के बाद से ही पति और परिजन दहेज की मांग को लेकर उसे प्रताड़ित करते रहे। कई बार समझाने-बुझाने के बाद भी हालात नहीं सुधरे। आरोप है कि 26 अगस्त को विवाद के बाद बहन की हत्या कर शव नहर में फेंक दिया गया। अनंतराम का कहना है कि ससुरालजन बचाव के लिए गुमशुदगी की तहरीर देकर पूरे मामले को दबाने का प्रयास कर रहे थे। श्रीदत्तगंज थाने के प्रभारी निरीक्षक कर्मवीर सिंह ने कहा कि मामले की जांच की जा रही है। पोस्टमाॅर्टम रिपोर्ट आने के बाद स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।