बलरामपुर। बीते दिनों हरैया सतघरवा क्षेत्र में तेंदुए के हमले में महिला के घायल होने के बाद वन विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है। पहाड़ी नाले से सटे 25 गांवों में विशेष निगरानी का प्रबंध किया गया है। इसके लिए टीमों को लगाया गया है। यह टीमें प्रतिदिन ग्रामीणों से संवाद करके फीडबैक लेती हैं।
दरअसल, बीते चार महीने से जिले के पहाड़ी नाले से सटे इलाकों में तेंदुए का खौफ है। तेंदुआ अब तक 30 से अधिक मवेशियों को अपना निवाला बना चुका है। वहीं, बीते दिनों हरैया में सो रही महिला को तेंदुआ ने घायल कर दिया था। हालांकि वन विभाग इस साल अब तक तीन तेंदुआ को पकड़ भी चुका है।
महिला को घायल करने की घटना के बाद विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है। वन विभाग ने बीते तीन साल में हुए तेंदुए के हमले के आधार पर पहाड़ी नालों से सटे 25 गांवों की निगरानी बढ़ा दी है। यहां पर गठित ग्राम सुरक्षा समितियों को विशेष सतर्कता बरतने के साथ ही लोगों से संवाद करने को कहा गया है। इसके माध्यम से लोगों को जागरूक किया जा रहा है। वन्य जीवों के हमलों के प्रति सतर्क किया जा रहा है। डीएफओ डॉ. एम सेम्मारन का कहना है कि ग्रामीणों से संपर्क करके उन्हें जागरूक किया जा रहा है। पहाड़ी नालों से सटे इलाकों पर सीधी नजर है। वहां की वन्य जीवों से जुड़ी हर एक गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।