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बाढ़ में डूबे ग्रामीण और टापू पर फंसे लोगों को बचाया

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बलरामपुर। आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की तरफ से गुरुवार को राप्ती नदी के सिसई घाट के पास बाढ़ के दौरान राहत व बचाव कार्यों के मॉकड्रिल का आयोजन किया गया। इसमें बाढ़ के पानी में डूबते व्यक्ति को बचाने का पूर्वाभ्यास कराया गया।
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टापू में फंसे लोगों को बाहर निकालने के भी तरीकेे बताए गये। पीएसी फ्लड यूनिट के जवानों ने लोगों को बाढ़ से बचाने में अपना दमखम दिखाया। इस दौरान अफसरों व कर्मचारियों ने भी ग्रामीणों को बाढ़ आने पर खुद और दूसरों को भी बचाने के तरीके बताए।
जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण व पीएसी फ्लड इकाई के संयुक्त तत्वावधान में सदर तहसील के सिसई घाट के पास राप्ती में बाढ़ से बचाव व राहत कार्य को लेकर पूर्वाभ्यास कराया गया। डीएम श्रुति व एसपी राजेश कुमार सक्सेना की मौजूदगी में राजस्व, पुलिस, चिकित्सा, पशु चिकित्सा, अग्निशमन, आपूर्ति, पशुपालन, बाढ़ खंड व पंचायतीराज विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने साथ मिलकर आपदा सलाहकार व विशेषज्ञ की तरफ से वृहद स्तर पर मेगा मॉक एक्सरसाइज कराई।
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मॉकड्रिल के लिए कंपोजिट विद्यालय सिसई में स्टेजिंग एरिया बनाया गया। सिसई घाट पर राप्ती नदी में व्यक्ति के डूबने की सूचना पर आईआरएस टीम मौके पर पहुंची। नदी में डूबे व्यक्ति को फ्लड पीएसी के जवानों ने सुरक्षित बाहर निकाल लिया। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने प्राथमिक उपचार के बाद तत्काल उसे पीएचसी सिसई में भर्ती कराया। पीएचसी में मौजूद मेडिकल टीम ने डूबने वाले व्यक्ति का उपचार किया।
कुछ देर बाद बचाव दल को सूचना मिली कि ग्राम ठकुरापुर में नदी के किनारे कुछ व्यक्ति टापू पर फंस गये हैं। मौके पर मौजूद डीएम ने टापू पर फंसे लोगों को तत्काल मोटरबोट से सुरक्षित निकालने का निर्देश दिया। टीम ने टापू पर फंसे लोगों का सकुशल रेस्क्यू कर कंपोजिट विद्यालय सिसई में बने बाढ़ शरणालय में पहुंचाया।
सिसई गांव में राप्ती नदी की बाढ़ का पानी आने की सूचना देकर ग्रामीणों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने का भी पूर्वाभ्यास किया गया। अधिकारियों की तरफ से गांव वालों को पूर्व में सूचना दी गई थी। पुलिस व राजस्व टीम की तरफ से ग्रामीणों को सकुशल कंपोजिट विद्यालय सिसई के बाढ़ शरणालय में शिफ्ट किया गया। मवेशियों को भी सुरक्षित स्थान पर लाने व उपचार की व्यवस्था के लिए पशुपालन विभाग की टीम लगाई गई।
डीएम श्रुति ने कहा कि मेगा मॉक एक्सरसाइज का उद्देश्य बाढ़ आपदा के समय लोगों को राहत पहुंचाने का प्रशिक्षण है। पीएसी फ्लड यूनिट के जवानों ने डूबते लोगों को बचाने का मॉकड्रिल कर दिखाया। जिले में बाढ़ से बचाव व राहत कार्यों की पूरी तैयारी है।
मेगा मॉक एक्सरसाइज में एडीएम राम अभिलाष, एएसपी नम्रिता श्रीवास्तव, सीएमओ डॉ. सुशील कुमार, सदर एसडीएम राजेंद्र बहादुर, सीओ सिटी वरुण मिश्र, सीओ राधारमण सिंह, डीपीआरओ नीलेश प्रताप सिंह, आपदा सलाहकार सचिन मदान, आपदा विशेषज्ञ अरुण सिंह सहित सभी विभागों के अधिकारियों व कर्मचारियों ने हिस्सा लिया।
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