बलरामपुर। गुरु गोविंद सिंह के जयंती के प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में सोमवार को गुरुद्वारे से गुरुग्रंथ साहब की शोभायात्रा गाजे-बाजे के साथ निकाली गई। शोभायात्रा के साथ चल रहे वीर खालसा ग्रुप के सदस्यों ने युद्ध कला के करतब दिखाकर लोगों को विस्मत व अचंभित कर दिया। नगर में जगह-जगह पुष्प वर्ष कर शोभायात्रा का स्वागत किया गया।
सिक्ख धर्म के 10वें गुरु, गुरु गोविंद सिंह साहब की 17 जनवरी को मनाई जाने वाली जयंती के उपलक्ष्य में सोमवार को गुरु की अरदास के बाद स्थानीय गुरुद्वारे से श्री गुरु सिंह सभा द्वारा पंचप्यारों की अगुवाई में शोभायात्रा निकाली गई। संगत की महिलाएं गुरुग्रंथ साहब की शोभायात्रा के आगे सड़क पर झाड़ू लगाकर साफ-सफाई करते हुए गीत के माध्यम से गुरु गोविंद सिंह के संदेशों का बखान भी कर रहीं थीं।
शोभायात्रा के साथ चल रहे पंजाब के इंटरनेशनल गतका पार्टी वीर खालसा ग्रुप के सदस्यों ने बड़ा पुल चौराहा और एमपीपी इंटर कॉलेज में भाला चलाने तथा तलवारबाजी के साथ युद्ध कला के कई करतब दिखाए। इस दौरान वीर खालसा ग्रुप के सदस्यों ने नाटक के जरिए 1984 के दंगों में सिक्खों पर हुई यातना का प्रदर्शन भी किया। युद्ध कला के करतब देखकर जहां लोग मंत्रमुग्ध हो गए, वहीं नाटक की प्रस्तुति ने सभी की आंखें नम कर दी। करतब समाप्त होने के बाद शोभायात्रा वीर विनय चौराहा होते हुए पुन: गुरुद्वारा पहुंचकर समाप्त हुई।
प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में दोपहर से लेकर देर शाम तक गुरुद्वारे में लंगर का आयोजन भी हुआ। इस अवसर पर सदर विधायक पल्टूराम, पूर्व सांसद दद्दन मिश्र, तुलसीपुर विधायक कैलाशनाथ शुक्ल, गैसड़ी के पूर्व विधायक शैलेश कुमार सिंह शैलू, नगर पालिका अध्यक्ष धीरेंद्र प्रताप सिंह धीरू सहित बड़ी संख्या में मौजूद श्रद्धालुओं ने लंगर चखा।