बलरामपुर। वाहन की टक्कर से युवक की मौत के मामले में 35 साल बाद पीड़ित परिवार को न्याय मिल सका। सिविल जज सीनियर डिवीजन/ एसीजेएम राहुल आनंद ने मुकदमों की सुनवाई के दौरान सोमवार को दोषी को न्यायालय उठने तक कटघरे में खड़े रहने की सजा सुनाई। न्यायाधीश ने दोषी पर 10 हजार का अर्थदंड भी लगाया है।
तुलसीपुर के ग्राम सड़वा निवासी बिंद्रा लाल ने 14 अक्तूबर 1990 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया कि नगर क्षेत्र के ग्राम खेलपुर निवासी सईद अहमद ने लापरवाही से वाहन चलाकर सड़क पर पैदल जा रहे 10 वर्षीय बेटे मलहू को टक्कर मार दी। सड़क हादसे में बेटे की मौत हो गई। पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज की। विवेचना के बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। न्यायाधीश ने दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद सईद अहमद को दोषी पाया। सजा सुनाने के साथ 10 हजार का अर्थदंड भी लगाया है।