बलरामपुर। अटल बिहारी वाजपेयी स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय के अधीन संचालित संयुक्त जिला चिकित्सालय में मरीजों को भोजन आपूर्ति के लिए 80 लाख रुपये का टेंडर सवालों के घेरे में आ गया है। मृत ठेकेदार के नाम पर भोजन आपूर्ति का भुगतान करने और निविदा निरस्त होने के बाद भी आपूर्ति दर्शाकर सरकारी धन निकालने का आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता ने जिलाधिकारी से मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।
नगर के नई बस्ती निवासी पंजीकृत ठेकेदार रवि जायसवाल, प्रोपराइटर आरजे इंटरप्राइजेज एंड जनरल ऑर्डर सप्लायर ने शिकायती पत्र में भोजन आपूर्ति की निविदा संख्या GEM/2024/B/5709566 को लेकर कई सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि निविदा निरस्त होने के बाद भी मृत ठेकेदार हरिराम श्रीवास्तव की फर्म के नाम पर अनधिकृत तरीके से भोजन आपूर्ति दर्शाकर सरकारी धन का आहरण किया गया। उन्होंने मामले में संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका की जांच कराने की मांग की है।
शिकायतकर्ता के मुताबिक, हरिराम श्रीवास्तव की मृत्यु नौ नवंबर 2024 को हो गई थी। ऐसे में उनकी मृत्यु के बाद फर्म का संचालन किसने किया और संबंधित दस्तावेजों पर किसने हस्ताक्षर किए, इसकी जांच होनी चाहिए। आरोप है कि फर्म के नाम पर भोजन आपूर्ति दर्शाने के लिए कूटरचित हस्ताक्षरों का इस्तेमाल किया गया।
इस संबंध में संयुक्त जिला चिकित्सालय के सीएमएस डॉ. राजकुमार ने कहा कि मामले को मेडिकल कॉलेज के नए नोडल प्रधानाचार्य के समक्ष रखा जाएगा।