ग्रामीणों का आरोप है कि सफेद बालू और घटिया सामग्री से निर्माण होने की वजह से यह घटना हुई है। हालांकि पूरा कार्य इसी तरह का हुआ है। प्रधान से बात करने का प्रयास किया गया लेकिन बात नहीं हो पाई। घटना को लेकर स्कूली बच्चे सहमे हैं। बीईओ मोतीचंद चौरसिया ने कहा कि पुरानी बिल्डिंग की मरम्मत ग्राम प्रधान से एक माह पहले कराई गई थी। प्लास्टर गिरने से बच्चे घायल हैं। घटिया सामग्री के निर्माण पर कहा कि इसकी जिम्मेदारी मेरी नहीं है, प्रधान की है।