बुलंदशहर जिले के गांव शहजादपुर कनैनी गांव ने स्वच्छता के मामले में बेहतर काम किया है। उसके मॉडल पर ही गांवों को स्वच्छ रखा जाएगा। इसके लिए 40 कर्मचारियों को प्रशिक्षण के लिए भेजा गया था। वे गांवों में नए तरीके के कंपोस्ट गड्ढे बनाने की तकनीक सिखाएंगे।
स्वच्छ भारत अभियान के मिशन के फेज टू तहत ‘मेरा गांव, स्वच्छ गांव’ अभियान की शुरुआत की गई। इसके तहत प्रत्येक राजस्व ग्राम में सामुदायिक सोख्ता गड्ढों व प्लास्टिक एकत्रीकरण केंद्र का निर्माण और ठोस व तरल अपशिष्ट प्रबंधन किया जाना है। यह योजना अभी परवान नहीं चढ़ सका है। खासकर कंपोस्ट गड्ढा के निर्माण को लेकर भी तेजी नहीं दिख रही है। नालियां में कचरा भरा है। अब सरकार ने बुलंदशहर जिले के शहजादपुर कनैनी गांव में स्वच्छ भारत मिशन के तहत हुए काम को मॉडल के रूप में प्रदेश भर में लागू करने जा रही है। इस मॉडल को सीखने के लिए जिले के प्रत्येक ब्लॉक से एडीओ, प्रधान व राजमिस्त्रियों समेत 40 लोगों का दल शहजादपुर कनैनी गांव भेजा गया था।
वर्तमान में कई गांवों में कंपोस्ट गड्ढा बनाने का कार्य चल रहा है। इस कार्य की लगातार समीक्षा की जा रही है। प्रत्येक ब्लॉक से कर्मियों प्रधान का दल शहजादपुर कनैनी गांव गया था और वहां स्वच्छ भारत मिशन के तहत कराए गए कार्यों को देखा है। जल्द ही जिले के गांवों में भी इसी मॉडल के तहत कार्य कराए जाएंगे।
- इसरार अहमद, जिला सलाहकार, स्वच्छ भारत मिशन, बलिया।