पुलिस सूत्रों के अनुसार, घटना से पहले ही 8.88 लाख रुपये को पांचों लोगों ने गायब कर दिया था। इसमें मैनेजर ने स्वयं आधे से अधिक पैसा लिया था। शेष चारों लोगों को बराबर-बराबर दे दिया था। स्वयं खाली बैग को लेकर स्टेट बैंक में जमा करने जा रहा था। इसे उसके दोस्तों ने पिंडहरा गांधी आश्रम के समीप मैनेजर को मारपीट कर लूट की घटना को अंजाम दिया था।
खाली बैग को नरला नाले वाले मार्ग पर फेंक दिया था। इसके बाद पुलिस को लूट की सूचना दे दी। इतनी बड़ी लूट की वारदात सामने आने से पुलिस के भी होश उड़े हुए थे, लेकिन पुलिस ने इनके सुनियोजित कारनामे को ध्वस्त कर दिया। बांसडीह सीओ भूषण वर्मा ने कहा कि संदेह के आधार पर कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। काफी हद तक पुलिस पहुंच गई है, उम्मीद है मामले का शीघ्र ही खुलासा हो जाएगा।