बलिया। डीएम आईबी सिंह ने कलेक्ट्रेट सभागार में बृहस्पतिवार को राइस मिल मालिकों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि जितने भी राइस मिलर है उन्हें उनकी मिल की क्षमता के अनुसार ही धान दिया जाए। क्षमता से अधिक धान देने पर कार्य बढ़ जाता है। इससे वह समय से सीएमआर उपलब्ध नहीं करा पाते हैं।
उन्होंने कहा कि जो भी राइस मिल मालिक पूर्व में डिफाल्टर घोषित हो चुके है उन्हें धान न दिया जाए। क्योंकि इनकी वजह से सरकार का नुकसान तो होता ही है। साथ ही किसानों को भी परेशानी का सामना करना पड़ता है। सीएमआर समय से उपलब्ध न होने से किसानों से धान क्रय करने में देरी हो जाती है। इससे उनका भारी नुकसान होता है। उन्होंने डिप्टी आरएमओ को निर्देश दिया कि जिन मिलो को धन नहीं मिल पा रहा है उन्हें समय से धान उपलब्ध कराया जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि गलती की कोई माफी नहीं है। उन्होंने कहा कि अगली बार सिर्फ उन्ही मिल मालिकों से बात करेंगे जो एफसीआई को समय से सीएमआर उपलब्ध नहीं करा रहे हैं। अच्छा काम कर रहे राइस मिल मालिकों की उन्होंने सराहना की।