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मोबाइल टावर, प्राइवेट विद्यालयों को चुकाना होगा टैक्स

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बलिया। जिला पंचायत बोर्ड की बैठक में विभव एवं संपत्ति कर की सूची तथा जिला पंचायत के नियंत्रणाधीन ग्रामीण क्षेत्रों में व्यवसायों के लिए लाइसेंस शुल्क में वृद्धि से सम्बन्धित उपविधि को सर्वसम्मति से अनुमोदित किया गया। पहली बार ग्रामीण क्षेत्र के 50 नए कारोबारों को लाइसेंस के दायरे में लाया जाएगा।
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ग्रामीण क्षेत्र में अपनी भूमि पर मोबाइल टावर लगवाने पर अब 25 हजार रुपये सलाना का टैक्स चुकाना होगा। इसके साथ ही क्रेन क्रशर का काम करने पर 15 हजार रुपये चुकाने होंगे। धड़ल्ले के साथ खुल रहे प्राइवेट विद्यालयों पर भी नजर गड़ाई गई है। विद्यालयों को छोटा, मध्यम और बड़ा तीन कटेगरी में बांट कर इन पर 5000 से 10000 हजार सलाना का टैक्स तय किया गया है। विद्यायों का वर्गीकरण छात्रों की संख्या के हिसाब से किया गया है। 300 की छात्र संख्या वाले विद्यालयों को छोटो, 500 तक की संख्या वाले को मध्यम और इससे अधिक की छात्र संख्या वालों को बड़े विद्यालयों की श्रेणी में रखा गया है। छोटे पर सलाना 5000, मध्यम में 7500 औक बड़े पर 10 हजार का टैक्स लगाने का प्रावधान किया गया है। दाल और फोलर मिल भी टैक्स के दायरे में आएंगे। मैरेज लान पर 5000 और रिजार्ट टाइप मारेज हाल पर 10 हजार का टैक्स लगाया जाएगा। बोर्ड से इसे अनुमोदन मिलने के बाद अब इसे कमिश्नरी भेजा जाएगा। मंजूरी के बाद इसे लागू कराया जाएगा।
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