बलिया। पीएम आवास निर्माण के लिए विभाग ने कवायद तेज कर दी है। सितंबर महीने में एक हजार आवास का निर्माण पूरा करने को लेकर अधिकारियों ने सम्बंधित ग्राम सचिवों को जिम्मेदारी दी है। पीडी ने सभी सचिवों को प्रत्येक सप्ताह आवास की प्रगति रिपोर्ट भी देने को कहा है। उधर, कई गांवों में आवास की सूची में अपात्रों का नाम होने की शिकायत भी अधिकारियों को मिली है। संबंधित गांवों में ग्राम की खुली बैठक में इसका सत्यापन भी कराया जा रहा है।
वर्ष 2020-21 में आवास प्लस योजना के तहत किए सर्वे में छूटे हुए पात्रों को आवास देने की प्रकिया शुरु हुई। इसके तहत भारत सरकार की ओर से इस साल 2021-22 में जिले को कुल 8833 आवास उपलब्ध कराए गए हैं। हालांकि हर साल की अपेक्षा इस बार काफी विलंब से लक्ष्य मिला लिहाजा अधिकारी चयन प्रक्रिया जल्द पूरी करने के लिए कार्रवाई में जुटे हैं। अधिकारियों की मानें तो वित्तीय साल की शुरुआत में ही आवास के लक्ष्य का निर्धारण होता है लेकिन पंचायत चुनाव के कारण जून महीने में लक्ष्य प्राप्त हुआ। हालांकि लाभार्थियों के चयन की कार्रवाई अधिकांश गांवों में पूरी कर ली गई है। लेकिन कई गांवों के ग्रामीणों की ओर से सूची पर आपत्ति भी दर्ज कराई गई है कि इसमें अपात्रों का नाम शामिल है। इसको लेकर संबंधित गांवों में ग्राम सभा की खुली बैठक कराकर ग्रामीणों से सत्यापन कराने का काम किया जा रहा है। हालांकि अधिकारियों का दावा है कि सितंबर महीने में एक हजार लाभार्थियों का आवास निर्माण पूरा कराने की तैयारी है। इसको लेकर सभी ग्राम पंचायत सचिवों को निर्देश दिया गया है। यह भी निर्देश है कि आवास निर्माण की लगातार मॉनीटरिंग करें और उसकी प्रगति रिपोर्ट भी हर सप्ताह में दें।
पीएम आवास निर्माण समय से पूरा हो इसके लिए तैयारी की जा रही है। सितंबर महीने में एक हजार आवास का निर्माण पूरा करने के लिए सभी ग्राम पंचायत सचिवों को निर्देश दिया गया है।
- डीएन दुबे, पीडी, डीआरडीए, बलिया