महिलाओं को भी हो रही समस्या।
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बेटियों की पढ़ाई संकट विद्यालय की प्राध्यापिका आराधना गुप्ता ने बताया कि नाली के रिसाव की शिकायत नगर पंचायत को लिखित रूप से कई बार दी गई, लेकिन आज तक कोई सुनवाई नहीं हुई। बरसात में पानी इतना भर जाता है कि कई बार कक्षाओं तक पानी घुस जाता है और पढ़ाई ठप हो जाती है।
छात्राओं ने कहा कि वे रोज़ाना अपने कपड़े गंदे करके घर लौटती हैं। कई को पैरों में खुजली और संक्रमण की समस्या भी हो रही है। वहीं, अभिभावक कृपा शंकर ने नाराज़गी जताते हुए कहा, हम अपनी बेटियों को पढ़ने भेजते हैं, लेकिन उन्हें रोज गंदे पानी में चलना पड़ता है।
नगर पंचायत के जिम्मेदारों की लापरवाही शर्मनाक है। अगर जल्द सुधार नहीं हुआ तो हम सड़क पर उतरेंगे। गंदगी और जलभराव से मच्छरों का प्रकोप बढ़ रहा है, जिससे डेंगू और मलेरिया जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। वहीं, नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी सुरेश कुमार मौर्या ने कहा कि यह मामला मेरे संज्ञान में नहीं था। अब जानकारी हुई है तो जलभराव की समस्या का त्वरित समाधान कराया जाएगा।