सरकार को दोनों अधिकारियों को बर्खास्त करना चाहिए। अब भाजपा कार्यकर्ता भी थाने में जाने से डरने लगे हैं। बलिया में विकास के नाम पर कुछ भी नहीं हुआ है। सुरहा ताल में आई बाढ से 30 गांव प्रभावित हैं। इसके बावजूद भी यहां के नुमाइंदे व प्रशासन कुंभकर्णी नींद सो रहे हैं। पूरा बलिया शहर पानी में डूबा है।