नाराज लोगों को समझाने का प्रयास करती पुलिस।
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परिजनों ने ही तलाशे कपड़े और शव
परिजनों के अनुसार चरवाहों ने बताया कि ये सामान और क्षतविक्षत शव छह जुलाई से ही पड़ा है। उस समय पुलिस के ग्रुप में उसकी फोटो भेजकर सूचना भी दी गई थी। ग्रामीणों के अनुसार दो सिपाही आए थे, लेकिन वापस लौट गए।
पिता और बहनोई को बुलाया, फिर मांगी तहरीर
रविवार को सिकंदरपुर पुलिस ने नवीन के पिता व बहनोई को बुलाकर पूछा क्या कार्रवाई चाह रहे हैं? लिख करके दीजिए। उनसे नए तरीके से तहरीर भी मांगी। इससे पहले नवीन के पिता शनिवार को थाने में उच्चाधिकारियों से सामने पुलिसकर्मियों पर गंभीर आरोप लगाए थे। निलंबित कर एफआईआर दर्ज करने और हत्या में शामिल आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की थी।
सिपाहियों की कराई जा रही पहचान
मामले में सिकंदरपुर थाना प्रभारी ने बताया कि ग्रामीण और परिजन जिन दो सिपाहियों का नाम ले रहे हैं, उन्हें ट्रेस किया जा रहा है। वायरल फोटो को लेकर कहा कि विवेचक ने दिखाई थी, हमने नहीं दिखाई थी। वहीं, विवेचक चंद्रपाल कश्यप से इस बारे में जानकारी की गई तो वे गोलमोल करते रहे।
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बोले अधिकारी
प्रकरण में ग्रामीण कई तरीके की बात कर रहे हैं। शनिवार को मिले शव का पंचनामा कर फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिया गया। मामले की जांच की जा रही है।
- आशीष मिश्र, सीओ सिंकदरपुर
सिकंदरपुर में मिले शव के मामले में हर बिंदु की जांच की जा रही है। परिजनों की शिकायतें भी संज्ञान में हैं। किसी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
- विक्रांतवीर, एसपी बलिया