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मिट्टी के पैबंद के सहारे राष्ट्रीय राजमार्ग

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बलिया। जिले में एनएच 31 की हालत सालों से बदहाल है। एनएचएआई की ओर से गाजीपुर से मांझी तक मरम्मत के लिए टेंडर किया गया है। आलम यह है कि कई जगह तो राजमार्ग पर बने गड्ढों को मिट्टी से भरकर कोरम पूरा किया जा रहा है। वाहनों के आते जाते समय यह मिट्टी धूल बन उड़ रही है। वहीं, लोगों को प्रदूषण का सामना करना पड़ता है। इतना ही नहीं, महीनों बाद भी एनएच 31 पूरी तरह गड्ढामुक्त नहीं हो पाया है।
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शहर से गुजर रहे एनएच पर ही कई जगह गड्ढे ज्यों का त्यों हैं। शासन की ओर से सड़कों को गड्ढामुक्त करने का कई बार निर्देश आया लेकिन इसका असर जिले में स्थित एनएच 31 पर नहीं है। पिछले सात सालों से एनएच 31 जर्जर है और लोग वाहनों को गड्ढे में हिचकोले खाते लेकर चलने को विवश हैं। जिले में कोटवां नारायनपुर से मांझी तक करीब 90 किमी लंबा एनएच 31 है, जो अधिकांश जगहों पर तो पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी हैं। इसके अलावा कई जगह इस कदर गड्ढे हैं कि उसे पार करते समय आए दिन गिरकर लोग जख्मी होते हैं।
बेलहरी से मांझी तक केवल गड्ढे ही गड्ढे
बैरिया। बेलहरी से मांझी तक गड्ढों में तब्दील हो चुकी एनएच 31 पर वाहनों की बात तो दूर पैदल भी चलना कठिन हो रहा है। एनएचएआई द्वारा टेंडर कराने के बावजूद संबंधित ठेकेदार द्वारा छह महीने में महज तीन किमी गिट्टी बिछाकर रोलर चलाया गया है। वाहनों के आने जाने पर धूल का गुब्बार इस तरह उठता है कि पूरा चेहरा धूल से सन जाता है। वहीं, नौकाटोला से मांझी घाट तक एनएच पर केवल गड्ढे दिखाई देते हैं। उन्हें देखने से ऐसा लगता है कि सड़क पर गड्ढे नहीं बिल्क गड्ढे में ही सड़क है। आम लोगों का कहना है कि मानक के विपरीत काफी धीमी गति से एनएचएआई का कार्य हो रहा है। इसी तरह करीब 100 मीटर लंबाई में बैरिया से पूरब और सोनबरसा से पश्चिम एनएच 31 के पुराने पिच पर ही दोबारा पिच कर दिया गया था, जिससे गिट्टियां उखड़ गई थीं। इसे ठेकेदार द्वारा पुन: हटाया गया।
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एक साल पहले हुआ था 103.454 करोड़ का टेंडर
एनएच पुनर्निर्माण के लिए एक साल पहले एनएचएआई की ओर से टेंडर किया गया। गाजीपुर स्थित रौजा से मांझी तक कुल 120 किमी के लिए कुल 103.454 करोड़ से पुनर्निर्माण का कार्य होना था, जिसे एक साल में ही पूरा होना था लेकिन अभी तक 10 फीसदी कार्य भी नहीं हो सका है। बता दें कि 25 जून 2020 को बैरिया में सांसद की मौजूदगी में विभाग ने कार्य शुभारंभ कराया लेकिन आज एक साल बाद भी एनएच 31 का अधिकांश हिस्सा ज्यों का त्यों है।
कोरोना काल के कारण एनएच पुनर्निर्माण का कार्य प्रभावित हुआ। अब कार्य में तेजी लाई जा रही है और जल्द कार्य पूरा कराया जाएगा। - योगेंद्र सिंह, क्षेत्रीय प्रबंधक, एनएचएआई, आजमगढ़
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