बैरिया। मौसम के बदलाव व प्रदूषण के कारण लोगों के स्वास्थ्य पर बुरा असर हो रहा है। बच्चों से लेकर बुजुर्गों और सांस के मरीजों के लिए यह मौसम खतरनाक साबित हो रहा है। बृहस्पतिवार को एयर क्वालिटी इंडेक्स 125 तक पहुंच गया। जिले का वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) लगातार बढ़ रहा है। बुधवार को ये 135 दर्ज किया गया था।
धूल धुंआ और सर्दी बढ़ने के साथ ही प्रदूषण के स्तर में और इजाफा होने का आशंका है। प्रदूषण का स्तर बढ़ने के कारण सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सोनबरसा व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोटवा में सांस के मरीज बढ़े हैं। प्रत्येक दिन सांस के 20 से 30 मरीज इलाज को पहुंच रहे हैं। रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होने से सबसे अधिक बुजुर्ग इसका शिकार हो रहे हैं। जिला अस्पताल के फिजिशियन डाॅ. मनोज कुमार ने कहा कि बढ़ते प्रदूषण अस्थमा में सांस नली या इससे जुड़े हिस्सों में सूजन आ जाती है। इसके चलते फेफड़ों में हवा जाने में रुकावट पैदा होती है। स्मॉग के साथ अनेक प्रकार के प्रदूषित तत्व मिले होते हैं। आंखों में जलन की भी समस्या हो रही है। सुबह टहलने जा रहे पूर्व प्रधान धर्मेन्द्र तिवारी ने बताया कि कभी कभी सांस लेने में समस्या होती है।