लालगंज। मुरली छपरा ब्लॉक मुख्यालय पर बुधवार को कृषि सूचना तंत्र के समृद्धिकरण एवं कृषक जागरूकता कार्यक्रम के तहत खरीफ कृषि निवेश मेला का आयोजन किया गया। इसमें किसानों को खेती से जुड़ी जानकारियां दी गईं। कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त ने कहा कि किसान सबसे ईमानदार होता है। गांव का किसान अन्न पैदा करके स्वत: खाने के साथ ही दूसरों को भी खिलाता है। वह अपने स्वाभिमान से कभी भी समझौता नहीं करता। देश के भ्रष्टाचारियों ने देश के किसानों का ही जमा पैसा बैंकों से लूटकर विदेश भाग गए। बैंकिंग कानून में यह प्रावधान है कि बैंक की आय का 40 प्रतिशत गांवों के विकास के मद में खर्च किया जाएगा।
2014 में लोकसभा ने पहली बार किसानों के दर्द को समझा और उसके बाद किसानों के हित के लिए अनेक योजनाएं संचालित की गई। कहा कि जिले में 71 लाख सात हजार किसानों को किसान सम्मान निधि का धन उनके खाते में गया है। सांसद ने खंड विकास अधिकारी मुरली छपरा को निर्देश दिया कि ब्लॉक के जितने किसानों के खेतों में जलभराव है उसके निकासी की व्यवस्था करें ताकि किसानों की खेती हो सके। बताया कि आज पूरे जिले में 15 हजार एकड़ भूमि पानी में डूबी हुई है जिसके चलते उस पर खेती नहीं हो पा रही है। डा. वेदप्रकाश सिंह, डा. रामगोपाल यादव, डा. एसके वैश्य, डा. प्रेमलता श्रीवास्तव आदि वैज्ञानिकों ने कृषि व पशुपालन से संबधित जानकारियां दी। इस मौके पर कृषि उपनिदेशक इद्रांज, जिला कृषि अधिकारी विकेश कुमार, जिला उद्यान अधिकारी नेपाल राम, पूर्व प्रमुख कन्हैया सिंह, रामप्रकाश सिंह, अमिताभ उपाध्याय, विजय बहादुर सिंह, मंटू बिंद, रमाशंकर सिंह, धर्मवीर उपाध्याय, मनोज तिवारी, श्यामनारायण उपाध्याय, राजेश सिंह आदि उपस्थित रहे। अध्यक्षता ब्लॉक प्रमुख पार्वती देवी व संचालन भूमि संरक्षण अधिकारी संतोष कुमार ने किया।