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बहराइच में एक और हमला: भेड़िये ने पांच साल की बच्ची को किया जख्मी, 32 राजस्व... 25 वन और स्पेशल टीम भी नाकाम

Tue, 03 Sep 2024 10:27 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, बहराइच

सार

यूपी के बहराइच में भेड़ियों का खूनी खेल लगातार जारी है। अब एक और बच्ची को भेड़िये ने निशाना बनाया। देर रात भेड़िये के हमले में पांच साल की बच्ची घायल हो गई।
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Wolf attack in Bahraich - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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हरदी थाना इलाके में भेड़ियों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार की रात लगातार तीसरे दिन भेड़िये ने हमला किया। जिससे लोगों में दहशत कई गुना बढ़ गई है। देर रात भेड़िये के हमले में पांच साल की बच्ची घायल हो गई। बच्ची को इलाज के लिए सीएचसी महसी भेजा गया है। सीएचसी प्रभारी महसी ने इसकी पुष्टि की है। 
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जानकारी के अनुसार, हरदी थाना इलाके के ग्राम पंचायत पंडोहिया के गिरधरपुरवा निवासी अफसाना (05) सोमवार की रात मां के साथ सो रही थी। इस दौरान रात लगभग 12 बजे उस पर भेड़िये ने हमला कर दिया। अफसाना की चीख सुन उसकी मां और अन्य परिजन जाग गए।

परिजनों ने शोर मचाया, जिसके बाद भेड़िया खेतों की ओर भाग गया। अफसाना को इलाज के लिए सीएचसी  महसी ले जाया गया। हमले के बाद से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। हमले की सूचना पर बीडीओ महसी हेमंत यादव टीम के साथ मौके पर पहुंचे और परिजनों से जानकारी ली।
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इससे पहले, रविवार की रात भेड़ियों ने ढाई वर्षीय अंजली को निवाला बनाया तो वहीं कमला (60) और सुमन (55) पर हमला कर उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया। घायलों को सीएचसी महसी ले जाया गया, जहां कमला की हालत गंभीर देख चिकित्सकों ने उन्हें मेडिकल कॉलेज बहराइच रेफर कर दिया।

घटना की सूचना पर डीएफओ, एसडीएम, सीओ आदि मौके पर पहुंचे और जांच पड़ताल की। वहीं एडीजी गोरखपुर जोन, डीएम व एसपी भी मौके पर पहुंचीं और पीड़ितों को ढांढस बंधवाते हुए जल्द भेड़ियों को पकड़ने का दावा किया। इसके साथ ही इस समस्या का समाधान के लिए सीएम योगी ने लखनऊ से यहां पर विशेष टीम भेजी है।
 

हरदी की ग्राम पंचायत गरेठी गुरदत्त सिंह के मजरा नव्वन गरेठी निवासी अंजली (ढाई वर्ष) रविवार की रात मां नीलू के साथ घर के कमरे में सो रही थी। इस दौरान कमरे में दरवाजा न होने से सुबह लगभग तीन बजे भेड़िये ने हमला कर दिया। भेड़िये ने अंजली को गर्दन से दबोचा और बाहर की ओर भागा। 

अंजली की चीख सुन मां नीलू व पिता कमल की आंख खुली और दोनों ने शोर मचाते हुए भेड़िये का पीछा किया। लेकिन भेड़िया अंधेरे का फायदा उठाते हुए गन्ने में भाग गया। परिजनों ने ग्रामीणों व वन टीम के साथ मासूम की तलाश की, लेकिन कुछ पता नहीं चला।

इस दौरान ड्रोन कैमरे में गांव से एक किमी की दूरी पर बालिका का शव पड़ा दिखा। शव देखते ही परिजनों में कोहराम मच गया और मौके पर भारी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। सूचना पर एसडीएम महसी अखिलेश सिंह, डीएफओ अजीत प्रताप सिंह, सीओ रूपेंद्र गौड़, चौकी प्रभारी महसी अशोक सिंह आदि टीम के साथ मौके पर पहुंचे और जांच की।


 

इसके अलावा भेड़िये ने हरदी की ग्राम पंचायत कोटिया के मजरा बाराबिगहा में घर के आंगन में लेटी कमला (60) पर भी हमला किया। भेड़िये ने उन्हें खींचने का प्रयास किया, लेकिन कमला का संघर्ष व परिजनों को आता देख उन्हें छोड़कर भाग गया।

 

परिजनों ने उन्हें सीएचसी महसी पहुंचाया, जहां डाॅक्टरों ने प्राथमिक उपचार करने के बाद उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। वहीं भेड़िये ने ग्राम पंचायत पिपरी मोहन निवासी सुमन (55) पर भी हमला किया। सुमन को भी सीएचसी महसी में भर्ती करवाया गया है।
 

बिलख रही मां को गले लगाकर बंधवाया ढांढस
मासूम अंजली की मौत की सूचना पर डीएम मोनिका रानी व एसपी वृंदा शुक्ला भी मौके पर पहुंचीं। दोनों ने मौजूद अधिकारियों से घटना की जानकारी ली और सघन तलाशी के निर्देश दिए। इस दौरान बेटी के शव के पास बिलख रही मां नीलू को गले लगाकर उन्हें ढांढस बंधवाया और शासन-प्रशासन के उनके साथ होने का आभास करवाया।



 

एडीजी गोरखपुर जोन ने भी लिया जायजा
भेड़ियों द्वारा लगातार जारी हमलों को लेकर सोमवार को एडीजी गोरखपुर जोन डॉ. केएस प्रताप भी मृतका अंजली के गांव नव्वन गरेठी पहुंचे। उन्होंने मृतका के परिजनों से घटना की जानकारी ली और एसपी समेत अन्य अधिकारियों से तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने हर आवश्यक कदम उठाने के लिए एसपी वृंदा शुक्ला को निर्देशित किया।
 

32 राजस्व, 25 वन टीमें, स्पेशल टीम भी हमले रोकने में नाकाम
महसी तहसील क्षेत्र में जारी भेड़ियों के हमलों में जनहानि रोकने के लिए डीएम ने 32 राजस्व टीमें जागरूकता के लिए तैनात की हैं। साथ ही 11 अधिकारियों को नोडल बनाया है। यही नहीं वन विभाग की 25 टीमें लगातार सर्च ऑपरेशन का दावा कर रही हैं। गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती की टीमों के साथ बाराबंकी के डीएफओ आकाशदीप बधावन को स्पेशल टास्क फोर्स के तहत बुलाया गया है। बावजूद इसके क्षेत्र में हमले नहीं रुक रहे हैं और इससे आक्रोश बढ़ रहा है।
 
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