बहराइच। नाबालिग के साथ दुष्कर्म के मामले में सोमवार को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो की कोर्ट ने अभियुक्त को दोषी करार देते हुए दस वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने उस पर 70 हजार का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड न अदा न करने पर अभियुक्त को पांच माह के अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी।
थाना गिलौला (वर्तमान पयागपुर) के एक गांव निवासी महिला ने थाने में तहरीर देकर श्रावस्ती जिले के इकौना निवासी धर्मेंद्र के खिलाफ तहरीर दी थी। तहरीर में बताया था कि उसकी 13 वर्षीय बेटी को धर्मेंद्र 10 जून 2016 को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया है। महिला ने एसओ से मुकदमा दर्ज कर बेटी की बरामदगी की मांग की थी। थाने की पुलिस ने महिला की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर विवेचना रिपोर्ट कोर्ट में सौंपी थी। सोमवार को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो दीपकांत मणि ने मुकदमे की सुनवाई के दौरान पीड़िता के बयान व अन्य साक्ष्यों के आधार पर अभियुक्त को घटना में दोषी करार दिया।