महसी के केवलपुर में पंचायत भवन परिसर में महिलाओं द्वारा पाथा गया कंडा।
बहराइच। सरकार के भरसक प्रयास के बाद भी जिले के पंचायत भवन बदहाली के शिकार हैं। देख-रेख न होने से भवन बैठने के लायक तक नहीं हैं। महसी के केवलपुर के पंचायत भवन में महिलाएं कंडा पाथतीं हैं। यहां मिट्टी के चूल्हे बनाए गए हैं, हर समय मवेशियों का बसेरा रहता है। भवन के दरवाजे टूट चुके हैं।
ग्रामीणों को जिला व तहसील मुख्यालय की दौड़ न लगानी पड़े, उन्हें गांव में ही विकास कार्यों की खुली बैठकें, आय, जाति, निवास प्रमाणपत्र, परिवार रजिस्टर की नकल आदि मिल सके, इसके लिए गांवों में पंचायत भवनों का निर्माण कराया गया है। लेकिन कुछ देखरेख के अभाव में बदलहाल हो गए हैं। महसी ब्लॉक के ग्राम पंचायत केवलपुर का पंचायत भवन अपनी दुर्दशा पर आंसू बहा रहा है।
इस भवन पर ग्रामीणों का कब्जा है। परिसर में कोई कंडा पाथता है तो कोई अपने मवेशी को बांधता है। चूल्हे भी लगाए गए हैं, जिसपर ग्रामीण खाना बनाते हैं। पूरा भवन जर्जर हो गया है। बीच में लगा पल्ला टूट गया है। अन्य कमरों में ताला लगा रहता है। साफ-सफाई न होने की वजह से बड़ी घास उग आई हैं। परिसर में लगे हैंडपंप का चबूतरा क्षतिग्रस्त है। बरामदे में मवेशियों के बैठने के लिए पुआल रखा गया है। भवन के पीछे बने शौचालय के चारों तरफ बड़ी-बड़ी घास उग आई हैं। भवन के सामने गिट्टी-मोरंग डंप है।
प्रधान पेशकार यादव ने बताया कि तीन वर्षों से पंचायत भवन की मरम्मत नहीं हुई है। सचिव के आने पर मीटिंग भी होती है। एसडीएम महसी अखिलेश कुमार सिंह ने बताया कि भवन की स्थिति के बारे में पता किया जाएगा। एडीओ पंचायत व बीडीओ से जानकारी ली जा रही है। भवन को दुरुस्त कराया जाएगा।