बहराइच। रामगांव के सोहरवा गांव निवासी मृतक की पत्नी को स्थायी लोक अदालत की बेंच ने मंगलवार को दि न्यू इंडिया इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड को मय ब्याज के साथ पांच लाख रुपये देने का आदेश दिया है। कोर्ट ने यह आदेश मृतक की पत्नी के एक वाद में सुनवाई पूरी करते हुए दिया है।
कोर्ट ने अपने आदेश में यह भी कहा है कि इंश्योरेंस कंपनी द्वारा जमा कराई जाने वाली धनराशि में 70 प्रतिशत मृतक की पत्नी को भुगतान की जाएगी। वहीं 30 प्रतिशत की धनराशि मृतक की नाबालिग आठ वर्षीय बेटी ममता के नाम सावधि जमा योजना के तहत निवेश कराया जाएगा।
रामगांव के सोहरवा गांव निवासी महिला संजू ने स्थायी लोक अदालत में अपने अधिवक्ता के माध्यम से वाद दायर किया था। वाद में महिला ने कहा था कि उनके पति राजेंद्र कुमार की मौत 22 सितंबर 2018 को छत से गिरकर हो गई थी। दुर्घटना के दौरान पति की आयु 36 वर्ष थी, जबकि वार्षिक पारिवारिक आय 75 हजार थी। पति मुख्यमंत्री किसान व सर्वहित बीमा योजना के तहत बीमित थे। महिला का कहना है कि उसने सभी औपचारिकता पूरी कर पत्रावली को इंश्यारेंस कंपनी के जिम्मेदारों को सौंपा था, लेकिन बीमा कंपनी ने आवेदन को मृतक का आय प्रमाणपत्र विलंब से जारी करने की बात कहकर निरस्त कर दिया था।