रमाला क्षेत्र के कंडेरा गांव निवासी अमित कुमार
- फोटो : BAGHPAT
बागपत। कंडेरा गांव के युवाओं ने देश और दुनिया में डंका बजाया है। इस गांव की सबसे बड़ी पहचान है अपने फौजी बेटों की बदौलत। यहां से सेना में एक या दो नहीं बल्कि कई जवान हैं। देश के लिए हर युद्ध में भागीदारी की है। इसके अलावा एयरफोर्स, बीएसएफ, सीआईएसएफ, सीआरपीएफ, यूपी पुलिस, दिल्ली पुलिस, हरियाणा पुलिस और पंजाब पुलिस में गांव के युवा भर्ती हैं। ड्यूटी पर डटे कंडेरा गांव के बेटों ने ग्रामीणों से आह्वान किया कि वह अपने घरों में सुरक्षित रहें, उनकी खातिर ही वह बॉर्डर पर ड्यूटी दे रहे हैं।
परचून की दुकान चलाने वाले मौजूद्दीन का बेटा रोहिल खान बीएसएफ में इन दिनों पंजाब में तैनात है। मां शहनाज बताती है कि बेटा जब भी कॉल करता है, घर में ही रहने की बात करता है। बेटे ने कहा है कि सब साथ देंगे, तभी कोरोना जैसी बीमारी को मात दी जा सकेगी।
किसान प्रमोद तोमर का बेटा अनुराग तोमर बीएसएफ में जवान है। इन दिनों असम के गुवाहटी में तैनात है। प्रमोद तोमर का कहना है कि वह मौका मिलते ही घर कॉल कर कहता है कि लॉकडाउन का पालन करना होगा। मां राजबीरी देवी कहती है कि बेटा परिवार और गांव से घर में ही रहने की बार हर बात कह रहा है।
किसान उदयवीर सिंह का बेटा अमित कुमार सेना में जम्मू कश्मीर में तैनात है। जब भी घर कॉल करता है तो कोरोना संक्रमण से बचाव का जिक्र जरूरत करता है। पिता उदयवीर सिंह और माता इंद्रेश देवी कहती हैं कि अमित कहता है कि सबको मिलकर लॉकडाउन को सफल बनाना होगा।
रमाला क्षेत्र के कंडेरा गांव निवासी अनुराग तोमर- फोटो : BAGHPAT
रमाला क्षेत्र के कंडेरा गांव निवासी रोहिल खान- फोटो : BAGHPAT