बागपत। कोरोना महामारी में भी कोरोना योद्धा दिन रात लोगों की सेवा में जुटे रहे। लोगों का उपचार करते-करते खुद भी संक्रमित हो गए, मगर उन्होंने संक्रमण से लड़ाई में हार नहीं मानी। कोरोना योद्धाओं ने कार्यालय को ही आवास बना लिया। कोरोना काल में वीडियो कॉल से ही बच्चों और परिजनों से बात हुई।
कोरोना संक्रमण के दौरान डिप्टी सीएमओ डॉ यशवीर सिंह लोगों को संक्रमण से बचाने में खुद संक्रमित हो गए, मगर उन्होंने हार नहीं मानी। डॉ यशवीर सिंह सिंह ने कोरोना को मात दी और फिर लोगों की सेवा में जुट गए। डॉ यशवीर सिंह का कहना है कि कोरोना काल के दौरान उन्होंने अपने बच्चों और परिजनों से दूरी बना ली थी। बच्चों से बात करने का वीडियो कॉल सहारा बनीं। कोरोना योद्धा सीएचसी अधीक्षक डॉ विभाष राजपूत ने कार्यालय को ही आवास बना लिया। बताया कि उनका परिवार दिल्ली में रहता है। कोरोना काल में उन्होंने बच्चों से दूरी बनाए रखीं और लगातार आठ माह तक परिजनों से दूर रहे। वह दिन रात लोगों की सेवा में जुटे रहे। संक्रमण के दौरान बेहतर सेवा देने के लिए उन्हें प्रशासन की ओर से सम्मानित भी किया गया। उन्होंने बताया कि कोरोना काल में बच्चों से वीडियो कॉल पर बात होती थी।