- निर्माण सामग्री खुले में डालने व नियमों का पालन नहीं करने पर प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने लगाया जुर्माना
- डीएम ने अन्य सभी विभागों को सख्ती नहीं बरतने पर कार्रवाई करने की चेतावनी दी
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। ग्रैप-तीन का उल्लंघन करना रेलवे विभाग व एनएचएआई को महंगा पड़ा गया। प्रदूषण नियंत्रण विभाग ने प्रदूषण फैलाने पर रेलवे पर 23.55 लाख व एनएचएआई पर 18.90 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही अन्य विभागों को भी सख्ती नहीं बरतने पर कार्रवाई करने की चेतावनी दी है।
लगातार बढ़ते प्रदूषण को रोकने के लिए जिले में ग्रैप-तीन लागू है और प्रदूषण फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई करने के लिए आदेश जारी किए है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड मेरठ क्षेत्रीय कार्यालय की टीम ने प्रदूषण फैलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए निरीक्षण किया तो कई जगह ग्रैप मानकों की अनदेखी की जा रही थी। अग्रवाल मंडी टटीरी कस्बे में निर्माणाधीन रेलवे फ्लाईओवर की जांच में धूल नियंत्रण की कोई उचित व्यवस्था नहीं मिली और निर्माण सामग्री खुले में पड़ी थी। वहां पानी का छिड़काव भी नहीं किया जा रहा था। धूल उड़ने के कारण प्रदूषण फैल रहा था और लोगों को भी काफी परेशानी हो रही थी। नियमों की अनदेखी करने पर रेलवे विभाग पर 23 लाख 55 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया।
वहीं बागपत में निर्माणाधीन नाले और दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के कार्य में भी धूल नियंत्रण की कोई व्यवस्था नहीं थी और आदेशों का पालन तक नहीं किया जा रहा था। एनएचएआई पर भी 18 लाख 90 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया। दोनों विभागों को जल्द ही जुर्माना की धनराशि जमा करने के निर्देश दिए।
-
कई विभागों को नियमों का पालन करने के निर्देश
पाली गांव में चल रहे विकास कार्य में निर्माण सामग्री की ढुलाई, ग्रीन नेट फेसिंग और पानी छिड़काव की व्यवस्था नहीं मिली। जिसपर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने बागपत-बड़ौत-खेकड़ा विकास प्राधिकरण को पत्र भेजकर कार्रवाई करने के लिए कहा है। बरनावा गांव के पास नगर ठोस अपशिष्ट को खुले में जलाने का मामला सामने आने पर डीपीआरओ को कार्रवाई के करने की संस्तुति की। डीएम अस्मिता लाल ने सभी विभागों को पानी का छिड़काव करके धूल उड़ने पर रोक लगाने के निर्देश दिए है, ताकि प्रदूषण को बढ़ने से रोका जा सके।
बस अड्डों पर निगरानी बढ़ाने के निर्देश
डीएम अस्मिता लाल ने बस अड्डों पर निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने एआरटीओ को अड्डों पर चालू खड़े वाहनों का चालान कर जुर्माना लगाने के निर्देश दिए। कृषि विभाग को गांवों में पराली न जलाने के लिए किसानों से संवाद करने, नगर निकायों को खुले में कूड़ा जलाने की घटनाओं पर रोक लगाने के आदेश दिए।