फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हत्यारोपी पत्नी को भेज दिया जेल

Sat, 27 Feb 2016 12:25 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, बागपत
विज्ञापन
विज्ञापन
बागपत के आदर्श नंगला गांव के अनुज उर्फ गुलाब की हत्यारोपी पत्नी सुदेश उर्फ पूजा को पुलिस ने शुक्रवार को जेल भेज दिया। उसकाहरियाणा निवासी प्रेमी विकास उर्फ विक्की अभी भी फरार है। पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी को दबिश दी है।
विज्ञापन


सीओ रमाला राजवीर सिंह ने बताया कि मलकपुर और सिनौली गांव के बीच 24 फरवरी को सड़क के किनारे गड्ढे में एक युवक का जला हुआ शव मिला था। उसके हाथ पर अनुज एवं पूजा लिखा हुआ था। शिनाख्त अनुज उर्फ गुलाब निवासी आदर्श नंगला के रूप में हुई थी। उसकी पत्नी सुदेश उर्फ पूजा ने हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने मामले की जांच परिजनों से पूछताछ से ही की।

पत्नी पूजा से पूछताछ की तो उसने प्रेमी विकास उर्फ विक्की पुत्र ईश्वर सिंह निवासी गांव पलड़ा थाना राई, सोनीपत (हरियाणा) के साथ मिलकर अनुज की हत्या करना स्वीकार किया। सीओ के मुताबिक अनुज ड्राईवर था और विक्की के साथ लुधियाना में ड्राईवरी करते थे। दोस्ती बढ़ी तो विक्की का अनुज के घर आना जाना भी शुरू हो गया था। इसी दौरान अनुज की पत्नी पूजा और विक्की में प्रेम प्रसंग हो गया था। 7 दिसंबर 2014 को विक्की की शादी हुई थी, लेकिन अपनी पत्नी ज्योति को तलाक दे दिया था। पूजा से वादा किया था कि वह उसे पत्नी के रूप में रखेगा और अनुज को ठिकाने लगा देगा।
विज्ञापन


इसी प्लान के तहत 23 फरवरी को विक्की अनुज के यहां आया था। रात 10 बजे पूजा ने चाय में नशीला पदार्थ देकर अनुज को बेहोश कर दिया। इसके बाद कमरे में ले जाकर रस्सी से गला घाेंट कर मार डाला। सिर में लोहे की रॉड से वार भी किया। शव को बोरी में डालकर कार से मलकपुर-सिनौली के बीच सड़क किनारे गड्ढे में फेंक दिया और पहचान मिटाने के लिए पेट्रोल डालकर आग लगा दी। सीओ ने बताया कि पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त लोहे की रॉड को बरामद कर लिया है। साथ ही शुक्रवार को हत्यारोपी पूजा को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। उसके प्रेमी की पुलिस तलाश करने में जुटी है।

पिता की हत्या, मां गई जेल
बड़ौत। अनुज और पूजा के दो बेटे प्रियांशु उर्फ राजा (12) और शुभम उर्फ छोटे (6) हैं। वर्तमान में दोनों मामा के यहां बिजरौल में रह कर पढ़ रहे हैं। पिता की मौत और मां को जेल हो जाने से दोनों अनाथ जैसे हो गए है। हालांकि अनुज के परिजन ने दोनों बच्चों की परवरिश की बात कहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें