- घंटों तक हुई पंचायत में भी नहीं हुआ कोई निर्णय
- दो माह पूर्व प्रेमी के साथ हो गई थी घर से फरार
संवाद न्यूज एजेंसी
खेकड़ा (बागपत)। कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी एक युवती की जिंदगी दोहराए पर आ गई है। शादीशुदा प्रेमी के साथ फरार होने के दो माह बाद गांव लौट तो आई लेकिन अब बेघर हो गई है। पहले प्रेमी के परिजनों ने उसे दुत्कार दिया तो उसके मां-बाप ने भी घर में शरण नहीं दी। इस मामले में पंचायत भी हुई। यहां भी उसके और प्रेमी के परिजनों ने घर में रखने से इंकार कर दिया। कई घंटे चली पंचायत में कोई निर्णय नहीं निकल सका।
कोतवाली क्षेत्र के एक गांव की युवती के पड़ोसी गांव निवासी शादीशुदा युवक के साथ प्रेम संबंध बन गए थे। पता लगने पर दोनों के परिजनों ने उन पर बंदिश लगा दी थी। इस पर दोनों एक अप्रैल को घर से फरार हो गए थे। दो जून को दोनों गांव लौट आए। प्रेमी के परिजनों ने तो अपने पुत्र को घर में पनाह दे दी, लेकिन युवती को दुत्कार दिया। परिजनों के दबाव में आकर प्रेमी ने भी उसका साथ छोड़ दिया। इसके बाद मायूस युवती अपने गांव पहुंची। मगर, उसके परिजनों ने भी उसे घर में नहीं घुसने दिया। उससे कोई रिश्ता नाता न होने की बात कहकर वापस भेज दिया। इससे प्रेमिका बेघर हो गई। गांव में इधर-उधर भटकते देख ग्रामीणों ने युवती को अपने घर में पनाह देते हुए दोनों गांव के लोगों की पंचायत कराई। बुधवार को कई घंटे चली पंचायत में भी दोनों पक्ष अपनी अपनी जिद पर अड़े रहे। इससे कोई निर्णय नहीं निकल सका। गांव के एक व्यक्ति ने युवती के परिजनों पर उसे घर वापस ले जाने का दबाव बनाया, लेकिन वह नही माने। बाद में व्यक्ति ने युवती के परिजनाें को ऐसा न करने पर गांव से बाहर निकलवा देने की चेतावनी भी दे डाली। युवती अभी भी किसी ग्रामीण के घर शरण लिए हुए है। दोनों गांव के कुछ समाजसेवी लोग दोनों पक्षों में सुलह कराने के प्रयास में जुटे है।
इस विषय में कोतवाली प्रभारी शिवप्रकाश सिंह का कहना है कि यह मामला उनके संज्ञान में नहीं है। यदि उनके पास किसी भी पक्ष की ओर से शिकायती पत्र आएगा तो मामले की जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।