जीरा, लौंग, इलायची, काली मिर्च के दामों में बड़ा उछाल आया, 20 फीसदी तक हुए महंगे
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत। अक्टूबर और नवंबर में आलू सहित अन्य सब्जियों के दाम आसमान छू रहे थे। मगर, सर्दी बढ़ते ही हरी सब्जियां के दाम गिरने से थोड़ी राहत जरूर मिली है। लेकिन सब्जियां को तड़का लगाने के लिए अभी भी लोगों को जेबें ढीली करनी पड़ रही है। मसालों के दाम लगातार आसमान छू रहे है। जीरा, लौंग, इलायची, काली मिर्च के दामों में बड़ा उछाल आया है। मसाले 20 फीसदी तक महंगे हुए है।
गृहिणियां बोली, लगातार बढ़ रही महंगाई, ध्यान नहीं दे रहे सरकार
बड़ौत नगर निवासी गृहिणी ममता राठी का कहना है कि किसी स्तर पर भी महंगाई कम नहीं हो रही है। पहले सब्जियां मंहगी थी, सर्दी आने पर सब्जियां के दाम कम जरूर हुए है, लेकिन मसालों के दाम लगातार बढ़ रहे है। ज्योति का कहना है कि आमजन महंगाई की मार झेल रहा है। चाहे रसोई का सामान हो या फिर अन्य कोई वस्तु। महंगाई चरम पर है। गैस सिलिंडर तक दाम आम आदमी के बजट से बाहर हो रहे है। मसालों के दाम बढ़ने से रसोई के बजट में भी वृद्धि हुई है।
100 रुपये प्रति किलोग्राम तक बिका टमाटर
कुछ दिन पहले तक टमाटर फुटकर बाजार में 100 रुपये किलो तक बिका। आलू भी 40 रुपये किलो तक मिला। दिसंबर में सब्जियां सस्ती हो गई है। सब्जी विक्रेता अनिल ने बताया कि हरी सब्जियां आने से अन्य सब्जियों के रेट कम हो गए है। नया आलू बाजार में आ गया है। थोक में अब आलू 10 से 15 रुपये प्रति किलो बिक रहा है, जबकि फुटकर में 15 से 20 है।
सब्जियों के भाव ने दी राहत
सब्जी एक माह पूर्व अब
आलू 35-40 10-15
प्याज 35-40 20-25
टमाटर 80 35-40
मटर 100 60 से 65
खीरा 60 40
लौकी 40 15
गोभी 60 20
गाजर 50 20
शिमला 70 40
बीन्स 80 60
सरसों 30 15
मटर 80 50
(नोट- दाम प्रति किलोग्राम में है)
आसमान छू रहे मसालों के भाव
मसाले एक माह पूर्व अब
हल्दी 140 160
लाल मिर्च
जीरा 180 200
लौंग 420 650
काली मिर्च 350 500
बड़ी इलायची 600 750
पीली सरसों 60 80
धनिया साबुत 90 110
(नोट- दाम प्रति किलोग्राम में है)