बागपत। कोरोना ने अपनों के बिछुड़ने का खूब दर्द दिया है। यह दर्द फिर से अपने किसी को नहीं सहना पड़े, इसलिए सभी कोरोनारोधी टीका लगवा रहे हैं। ऐसे ही बागपत के पुराना कस्बा निवासी नितिन ने दूसरी लहर में अपने मामा राजेंद्र के बिछुड़ने का दर्द सहा है। इसलिए उसने 12-14 वर्ष वालों को वैक्सीन लगाए जाने की शुरुआत होते ही टीका लगवा लिया।
इस तरह केवल नितिन ही नहीं, बल्कि सिसाना गांव निवासी अमित चौहान की मेरठ के ग्राम दतावली में मौसी की कोरोना की दूसरी लहर में मौत हो गई थी। इसके बाद तीसरी लहर में देखा कि टीका लगा होने के कारण ज्यादा परेशानी नहीं हुई। इसलिए अमित चौहान ने अपने भतीजे आदित्य चौहान को जिला अस्पताल पहुंचकर टीका लगवाया। परिजन अपने बच्चों को टीका लगवाने पहुंचने लगे हैं। वे टीका लगवाकर खुश दिखाई दिए।
अभी महज 56 को लगा टीका
यहां 12-14 वर्ष वालों को टीका लगाने के लिए 55 हजार 297 का लक्ष्य है। 24 मार्च तक केवल 56 बच्चों को टीका लगाया गया है। इसके कई कारण सामने आए हैं कि स्कूलों में परीक्षाएं चल रही हैं। जिससे बच्चों को परिजन टीका लगवाने नहीं पहुंच रहे हैं। यहां दो दिन पहले तक केवल जिला अस्पताल में टीका लगाया जा रहा था। अब सभी सीएचसी पर टीकाकरण शुरू किया गया है। इसलिए टीकाकरण बढ़ने की उम्मीद है।
स्कूलों में परीक्षा के बाद शुरू होगा टीकाकरण
परिषद्ीय स्कूलों के साथ ही कुछ निजी स्कूलों में परीक्षाएं चल रही हैं। वहीं, कुछ निजी स्कूलों में प्रवेश प्रक्रिया जारी है। इसलिए टीकाकरण नहीं हो पा रहा है। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने सभी स्कूलों से उन छात्रों की सूची मांगी है, जिनकी उम्र 12-14 वर्ष है। जिससे परीक्षा खत्म होते ही स्कूलों में टीकाकरण कराया जा सके।
सभी को लगवाना चाहिए कोरोनारोधी टीका
कोरोना संक्रमण से बचने के लिए वैक्सीन लगवाई है। अब कोरोना का डर नहीं है।वैक्सीन से काफी हद तक बचाव हो सकता है। इसे लगवाकर काफी अच्छा लग रहा है। सभी को जल्दी ही वैक्सीन लगवा लेनी चाहिए।-आदित्य चौहान, सिसाना
बचाव के लिए टीका लगवाया
कोरोना की पहली व दूसरी लहर में काफी दहशत थी, क्योंकि मौत काफी हुई थी। तीसरी लहर में सब कुछ सामान्य रहा। इसका कारण वैक्सीन लगी होना बताया। इसलिए दोनों बेटों को वैक्सीन लगवाई है। जिससे कोरोना से बचाव हो सके।-अनिल चौहान
परीक्षा खत्म होते ही टीका लगवाएंगे
मैं कक्षा आठ में पढ़ता हूं और परीक्षा के कारण अभी तक टीका नहीं लगवा सका। परीक्षा खत्म होते ही टीका लगवाना है। जिससे कोरोना संक्रमण से बच सके और कोरोना के कारण स्कूल बंद नहीं हों।-शाहिद, निवाड़ा
टीका जरूर लगवाना है
मैं आठवीं कक्षा का छात्र हूं। परीक्षा के कारण अभी टीका नहीं लगवा सका। टीका जरूर लगवाना है। इसको लेकर डर नहीं है। मैंने परिजनों को भी टीका लगवाते हुए देखा है। अब जल्द ही टीका लगवाऊंगा।-रणजीत, ठाकुरद्वारा बागपत
सभी सीएचसी पर टीकाकरण
बच्चों को सभी सीएचसी पर टीका लगना शुरू हो गया है। अभी स्कूलों में परीक्षा के कारण टीका लगाने में तेजी नहीं आ सकी है। इसके अतिरिक्त सभी को जागरूक किया जा रहा है। वे बच्चों को टीका लगवाकर कोरोना से बचाव करें।-डॉ. दिनेश सिंह, सीएमओ