बड़ौत। कोरोना महामारी को लेकर जहां लोग घरों मेें बंद हैं, वहीं फसलों को बचाने के लिए किसानों को खेतों में मशक्कत करनी पड़ रही है। आलम यह है कि खेतों में खड़ी फसल को बचाने के लिए रात भर जगने के बावजूद किसान अपनी फसल नहीं बचा पा रहे हैं।
बेसहारा गोवंश से किसान परेशान हैं। खेतों में खड़ी फसल बचाने के लिए किसान रात भर जाग कर खेतों में पहरा देने को मजबूर हैं। हालत ये है कि दिन में किसान खेतों में काम करते हैं और रात को बेसहारा गोवंश को रोकने को पहरा देने को मजबूर हैं। फतेहपुर पुट्ठी गांव के किसान पप्पन, ऋषिपाल, हरेंद्र, मनोज, राकेश, दुष्यंत, विकास, रोबिन ने बताया कि बेसहारा गोवंश 20 से 30 तक के झुंड में एकत्र होकर खेतों में पहुंचकर खड़ी फसलों को खाने के साथ ही कुचल कर बर्बाद कर डालते हैं। इससे किसान की फसल नष्ट हो जाती है। बार बार शिकायत करने के बाद भी अधिकारी या जनप्रतिनिधि कोई सुनवाई नहीं करते हैं। यदि कोई किसान तार की बाढ़ लगाता है तो कुछ गोवंश भक्त लोग डीएम से शिकायत करने जाते हैं। डीएम उनकी बात को सुनते हैं, लेकिन किसान की समस्या को सुनने को कोई तैयार नहीं है।