बागपत । बजट जारी होने के एक साल बाद भी सड़क का निर्माण शुरू न होने से आक्रोशित लोगों ने लोक निर्माण विभाग के कार्यालय का घेराव कर दिया। गेट पर धरने पर बैठ गए और अधिशासी अभियंता को सात घंटे तक बंधक बनाए रखा। लोगों ने चेतावनी दी कि जब तक निर्माण शुरू नहीं होगा तब तक कार्यालय पर धरना जारी रहेगा और अधिशासी अभियंता को भी यहां से जाने नहीं दिया जाएगा।
बुधवार को पूर्व जिला पंचायत सदस्य सतीश चौधरी एवं रालोद जिलाध्यक्ष चौधरी धनपाल सिंह गुर्जर के नेतृत्व में नेथला-खामपुर मार्ग पर पड़ने वाले गांवों के प्रधान के साथ कई दर्जन लोग एकत्रित होकर लोक निर्माण विभाग के कार्यालय पर पहुंचे और हंगामा शुरू कर दिया। लोगों ने कार्यालय का घेराव कर लिया और गेट पर धरना देकर बैठ गए। उन्होंने सुबह 11 बजे से शाम 6 बजे तक पीडब्लूडी के अधिशासी अभियंता बालेंद्र को बंधक बनाए रखा और धरने में बैठा लिया।
लोगों ने आरोप लगाया कि सड़क 17 मार्च 2015 को पास हो चुकी है और शासन से करीब आठ करोड़ रुपये का बजट नेथला-खामपुर मार्ग के लिए जारी हो चुका है। अधिकारी बजट को दबाए बैठे हैं। ठेकेदार को बिना सड़क बने ही भुगतान कर दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक सड़क बननी शुरू नहीं होगी, तब तक लोग कार्यालय से नहीं उठेंगे और अधिकारियों को भी नहीं जाने देंगे।
इस मौके पर जिला पंचायत सदस्य पति वीरेंद्र तेजान, निनाना के प्रधान हरेंद्र भंडा, प्रधान साहब सिंह, सतेंद्र प्रधान, बलराज, रविंद्र प्रधान, राजफूल प्रधान, राकेश प्रधान, सुधीर प्रधान के साथ अमर पाल सिंह, रोहित धनकड़, रमेश सूबेदार, अजित सिंह, महावीर सिंह, रिछपाल, अनिल लुहारी, अशोक, सतपाल, अमरपाल सिंह, राजेंद्र समेत अनेक लोग मौजूद रहे।
अधिशासी अभियंता बालेंद्र ने ठेकेदार को बुलाकर सहायक अभियंता शिवकुमार एवं अन्य अभियंताओं के साथ तुरंत निर्माण शुरू कराने के निर्देश दिए, लेकिन शाम तक सड़क का निर्माण शुरू नहीं हो सका। इस संबंध में एक्सईएन बालेंद्र का कहना है कि सड़क का निर्माण मार्च में एक साथ शुरू होना है। इसकी पूरी तैयारी है, ठेकेदार को भी निर्देश दे दिए हैं। कार्य शुरू नहीं किया तो ठेकेदार पर कार्रवाई की जाएगी।