अमर उजाला फाउंडेशन के अपराजिता अभियान के तहत महावतपुर बावली गांव में हुआ कार्यक्रम
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत। अमर उजाला फाउंडेशन के अपराजिता अभियान के तहत बुधवार को महावतपुर बावली गांव में नारी सशक्तिकरण विषय पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। वक्ताआें ने कहा कि शिक्षा, सुरक्षा और सम्मान हर नारी का अधिकार है। महिलाएं अपनी बात कहने में संकोच न करें।
भाग्य लक्ष्मी ग्राम संगठन की समूह सखी पूजा तोमर के आवास पर आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि एसडीएम दुर्गेश मिश्र, विशिष्ट अतिथि बीडीओ राहुल वर्मा, महिला सब-इंस्पेक्टर रूबी उपाध्याय और सीएचसी बड़ौत के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. राजीव त्यागी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित करके किया। एसडीएम दुर्गेश मिश्र ने कहा कि बेटियों और महिलाओं के प्रति समाज की सोच बदली है, लेकिन अभी और बदलाव की जरूरत है। घर में बेटियों को सम्मान मिलेगा तभी समाज में उनकी स्थिति बदलेगी। इस बदलाव में सामाजिक संगठनों को अहम भूमिका निभानी होगी। लोगों को जागरूक करना होगा। बीडीओ राहुल वर्मा ने कहा कि उच्च शिक्षा ही महिलाओं को समाज में बराबरी का दर्जा दिला सकती है। कहा कि महिलाएं किसी से कम नहीं हैं। वे हर क्षेत्र में अपना नाम रोशन कर रही हैं।
महिला सब-इंस्पेक्टर रूबी उपाध्याय ने कहा कि महिलाएं अन्याय न सहें। उत्पीड़न के खिलाफ आवाज उठाएं। जरूरत पड़ने पर 1090, 112, 181 सहित धारा 354 की महत्वपूर्ण जानकारी दी। सीएचसी के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. राजीव त्यागी ने कहा कि महिलाएं अपने स्वास्थ्य पर ध्यान रखे। दिनभर में सिर्फ अपने लिए एक घंटा निकाल लें। इसमें योगा और मेडिटेशन कर लें। कोरोना से बचाव के लिए जरूरी है कि महिलाएं अपनी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाएं। इसके लिए हरी सब्जियों का सेवन करना और चाय में आयुर्वेदिक चीजें जैसे तुलसी, लौंग, दालचीनी का प्रयोग कर सकती हैं। एक स्वस्थ महिला पूरे परिवार को आसानी से संभाल सकती है।
--------- ये बोली महिलाएं ---------
आगे बढ़ रही हैं बेटियां व महिलाएं
पूजा देवी ने कहा कि आज बेटियां व महिलाएं सशक्त बन रही हैं और प्रत्येक क्षेत्र में कामयाबी हासिल कर रही हैं। कार्यक्रम में लाभकारी योजनाओं की जानकारी देकर आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया गया।
अधिकारों की जानकारी मिली
रूबी ने कहा कि कार्यक्रम में महिलाओं व बेटियों को अधिकारों की जानकारी दी गई। अपराजिता जैसे कार्यक्रम से महिलाओं व बेटियों के प्रति समाज की सोच में बदलाव आ रहा है। कार्यक्रम बहुत अच्छा रहा।
बेटियों का बढ़ेगा हौसला
निर्मला और उमा देवी ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम से महिलाओं व बेटियों का हौसला बढ़ेगा। वे अपने फैसले खुद लेंगी और आगे बढ़ेंगी।
समाज की सोच में बदलाव जरूरी
खुशबू और राखी ने कहा कि नारी सशक्तिकरण के लिए समाज की सोच में बदलाव जरूरी है। महिलाएं व बेटियां किसी से कम नहीं हैं। वे अपना लक्ष्य हासिल कर सकती हैं।
इन लोगों का भी रहा योगदान
वैसे तो यह कार्यक्रम महिलाओं का था, लेकिन गांव के गणमान्य लोगों ने भी कार्यक्रम को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई। इस अवसर पर सुरेशपाल, मास्टर हरवीर सिंह, विनय, अजय प्रधान, नितेश, सचिन, कंवरपाल, रेखा बिजरौल, ममता, खुशबू, अमृता, अलका, सुनीता, पारुल, मोनिका, राजकुमारी, दीपा शामिल रहे।