दोघट (बागपत)। बीमारी के कारण रविवार की रात में टीकरी कस्बे की गोशाला में तीन गोवंशीय पशुओं की मौत हो गई। नगर पंचायत कर्मियों ने तीनों पशुओं के शवों को बस्ती के पास कूड़े के ढेर में दबा दिया। विरोध में ग्रामीणों ने नगर पंचायत के खिलाफ प्रदर्शन किया। चेतावनी दी कि यदि गोशाला में बीमार गोवंशीय पशुओं को इलाज नहीं कराया तो धरना शुरू होगा।
ग्रामीणों ने बताया कि गोशाला में रविवार रात में तीन गोवंशीय पशुओं की मौत हो गई । नगर पंचायत कर्मचारियों ने मृत पशुओं को कस्बे के बाहर कूडे़ के ढेर में दबा दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि कई दिनों से यहां मृत गोवंशीय पशुओं के शवों को दबाया जा रहा है। कुत्ते शव को निकालकर नोंचते हैं और हड्डियां लेकर उनके घरों तक में घुस जाते हैं। सूचना मिलते ही पशु चिकित्साधिकारी बिनौली डॉ. अक्षय बालियान, डॉ. अशोक कुमार, डॉ. जितेंद्र राठी, डॉ. धर्मेंद्र कुमार ने टीम के साथ पहुंचकर बीमार गोवंशीय पशुओं का उपचार किया। प्रदर्शन में नीरज, बाबूराम, गंगाराम, शिवकुमार, अरुण, मनोज, नितिन, राहुल, रामवीर, विक्की, राजवीरी, सागर, राजवती, सरोज मौजूद रहे।
गोशाला में तीन गोवंशीय पशुओं की हुई मौत - ईओ
दोघट। नगर पंचायत टीकरी के ईओ ललित कुमार आर्य ने बताया कि तीन गोवंशीय पशुओं की मौत हुई है। इन्हें शाम के समय कुछ ग्रामीण ही बीमार हालत में गोशाला के बाहर छोड़ गया। नगर पंचायत कर्मियों ने बीमार देखकर उनको गोशाला में अंदर कर लिया। रात के समय उनकी मौत हो गई।
मृत गोवंशीय पशुओं का कराया जाएगा पोस्टमार्टम - एसडीएम
दोघट। एसडीएम बड़ौत गुलशन कुमार का कहना है कि टीकरी कस्बे में चिकित्सकों की टीम भेजी जा रही है। टीम मृत गोवंशीय पशुओं का पोस्टमार्टम करेगी। ताकि पता चल सके की कि किस कारण गोवंश की मौत हुई है। यदि कोई लापरवाही मिली तो जांच कराकर दोषी के खिलाफ कार्रवाई होगी।